बुंदेलखंड राज्य निर्माण की मांग को लेकर 16 फरवरी से जन आक्रोश रथ यात्रा : भानू सहाय , बुंदेलखंड निर्माण मोर्चा
▪️नेताओं ने की वादाखिलाफी, 20 फरवरी को सागर में आएगी यात्रा
तीनबत्ती न्यूज: 10 फरवरी, 2026
सागर : बुंदेलखंड राज्य निर्माण की मांग को लेकर 16 फरवरी से 13 मार्च तक जनआक्रोश रथ यात्रा मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश के बुंदेलखंड अंचल में निकाली जाएगी। इसमें अंचल के सभी जनपदों के 350 गांवों से यात्रा निकलेगी। बुंदेलखंड निर्माण मोर्चा के अध्यक्ष भानू सहाय ने मीडिया को आज यह जानकारी दी । इस मौके पर मोर्चा के अंकलेश्वर दुबे, विवेक तिवारी, प्रवक्ता रघुराज शर्मा और मीडिया प्रभारी हनीफ खान मौजूद रहे।
2014 में किया था वादा
भानु सहाय ने बताया कि बुंदेलखंड क्षेत्र के निवासी वर्षों से अपने अलग राज्य की माँग करते आ रहे हैं। वर्ष 2014 में देश की जनता से बुंदेलखंड को अलग राज्य बनाने का वादा किया गया था, जिस पर विश्वास करके हम बुन्देलियों ने सरकार को भारी समर्थन दिया। उस समय उमाभारती ने इसका समर्थन किया था। तत्कालीन मंत्री राजनाथ सिंह ने भी उमा जी का समर्थन किया था। लेकिन बादा पूरा नहीं किया। अब उमाभारती अनर्गल बाते करती है। भाजपा में अब कोई उमा की नहीं सुनता। अब उमा फ्यूज बल्ब की तरह है।
उन्होंने कहा कि 12 वर्षों के बाद भी यह वादा पूरा नहीं किया गया। इससे बुंदेलखंड की जनता स्वयं को ठगा महसूस कर रही है। आज भी हमारा क्षेत्र बेरोजगारी, गरीबी, सूखा, पलायन, शिक्षा व स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी जैसी गंभीर समस्याओं से जूझ रहा है।बुंदेलखंड को अलग राज्य बनाए बिना इन समस्याओं का स्थायी समाधान संभव नहीं है। बार-बार आश्वासन देने के बाद भी ठोस कदम न उठाना जनता के साथ विश्वासघात है।
जनाक्रोश यात्रा
भानू सहाय ने बताया कि वनवासी राम (चित्रकूट) से राम राजा सरकार के चरणों (ओरछा धाम) तक की अखण्ड बुंदेलखंड क्षेत्र यात्रा दिनांक 16 फरवरी से 13 मार्च तक प्रथम चरण की जनआक्रोश रथ यात्रा की जा रही है। रथ यात्रा का मार्ग चित्रकूट, बांदा, पन्ना, दमोह, सागर, टीकमगढ़, ललितपुर, दतिया, उरई, हमीरपुर, महोबा, छतरपुर, निवाड़ी, झांसी देहात, झांसी एवं ओरछा में यात्रा सम्पन्न होगी। रथ यात्रा में एक लाख संघर्ष करने वाले बुंदेली योद्धा तैयार किए जाएंगे जो बुन्देलखण्ड क्षेत्र के हर गांव और मजरों से होंगे। उत्तरप्रदेश कांग्रेस ने इसका समर्थन किया है। मध्यप्रदेश में जीतू पटवारी ने अभी आश्वासन दिया है कि वे पार्टी फोरम पर चर्चा रखेंगे।
उन्होंने कहा कि रथ यात्रा में बुंदेलखंड राज्य का समर्थन नहीं करने वाले जनप्रतिनिधियों को आईना दिखाने के लिए 'राम कौ कॉल' (राम की कसम) अभियान पुनः प्रारम्भ किया जा रहा है, इस बार गंगाजली भी उठवाई जाएगी। बुंदेलखंड राज्य का समर्थन नहीं करने वाले जनप्रतिनिधियों को चुनाव में हरवाने का कार्य किया जाएगा। चुनाव आते ही जो नेता बुंदेलखंड राज्य की राग अलापने लगते हैं वो अब स्वीकार नहीं की जाएगी। "जो बुन्देलखण्ड का नहीं वो किसी काम का नहीं"।


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