राज्यस्तरीय लोकनृत्य प्रतियोगिता में बुंदेलखंड के बधाई लोक नृत्य को मिला प्रथम स्थान

राज्यस्तरीय लोकनृत्य प्रतियोगिता में बुंदेलखंड के बधाई लोक नृत्य को मिला प्रथम स्थान 



तीनबत्ती न्यूज:  28 जनवरी 2026

भोपाल: : राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह, भोपाल में सागर के नवोदित लोक कला संस्थान ने बुन्देलखण्ड के प्रसिद्ध श्रृंगारिक लोकनृत्य बधाई की प्रस्तुति करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त कर बुन्देलखण्ड को गौरान्वित किया। मध्य प्रदेश का राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह लाल परेड ग्राउण्ड, भोपाल में आयोजित था। जिसमें बुन्देलखण्ड के 50 सदस्यीय लोक कलाकारों ने डा जुगल किशोर नामदेव से 10 दिवसीय प्रशिक्षण व पूर्वाभ्यास कर राज्य स्तरीय गणतंत्र दिवस में भाग लिया।


बुन्देलखण्ड अचल के कलाकारों द्वारा प्रस्तुत बधाई लोक नृत्य दर्शकों का मनमोह लिया। पारम्परिक वेशभूषा, लयबद्ध ताल तथा जीवन्त अभिव्यक्ति से सुसज्जित इस प्रस्तुति को अत्यन्त सराहना प्राप्त हुई। उत्कृष्ट कला कौशल और प्रभावशाली मंचन के आधार पर बुन्देलखण्ड अचल के बधाई लोकनृत्य को प्रथम स्थान प्राप्त हुआ। यह क्षेत्र की समृद्ध लोक संस्कृति कलाकारों की साधना का प्रमाण है।

इस दल का प्रतिनिधित्व एव सचालन डा. जुगल किशोर नामदेव द्वारा किया गया है। उनके मार्ग दर्शन एव नेतृत्व में कलाकारों ने यह उल्लेखनीय सफलता अर्जित की। विगत् 40 वर्षों से डा. नामदेव लोक कलाओं के संरक्षण, संवर्धन एवं प्रशिक्षण के माध्यम से बुन्देली लोक कलाओं को शिखर पर पहुंचाने और उन्हें विलुप्त होने से बचाने का सतत् प्रयास कर रहे हैं।

इस अवसर पर प्रदेश के महामहिम राज्यपाल गंगू, भाई पटेल व मध्य प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव द्वारा प्रथम पुरस्कार प्रदान किया गया। इस अवसर पर भोपाल नगर निगम की महापौर मालती राय, आर.सी.बी. की नरोन्हा, प्रकाशन अकादमी के महानिर्देशक सचिन सिन्हा तथा मध्य प्रदेश शासन, संस्कृति विभाग के अपर मुख्य सचिव शिवशेखर शुक्ला, संस्कृति विभाग के निर्देशक तथा मुख्यमंत्री के संस्कृति सलाहकार डा. श्रीराम तिवारी सहित अनेक गणमान्य जन उपस्थित रहे।


मंच से कलाकारों को प्रथम स्थान प्राप्त करने पर विशाल ट्राफी व प्रमाण पत्र से सम्मानित किया गया। इस प्रस्तुति में नवोदित लोक कला संस्थान की कु. शैफाली पवार व वीरेन्द्र अहिरवार, बबीता विश्वकर्मा, सम्यक जैन का विशेष योगदान रहा जिसमें उन्होंने पूर्वाभ्यास कराकर दल की प्रस्तुति को सशक्त बनाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह जानकारी महाविद्यालय के शिक्षक आकाश जैन ने दी

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