एमपी पुलिस में 9,662 पदों पर भर्ती को मंजूरी: सीएम डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर गृह विभाग ने जारी किए आदेश

सीएम डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर एमपी पुलिस में 9,662 पदों पर भर्ती को मंजूरी, जल्द भरे जाएंगे 18 हजार पद



तीनबत्ती न्यूज: 23 जुलाई, 2026

भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार ने पुलिस विभाग को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए 9,662 पदों पर भर्ती की प्रशासनिक स्वीकृति जारी कर दी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशों के बाद गृह विभाग ने विभिन्न श्रेणियों के पदों पर सीधी भर्ती के आदेश जारी किए हैं। सरकार का लक्ष्य प्रदेश पुलिस को देश की सर्वश्रेष्ठ पुलिस बनाना और कुल 18 हजार रिक्त पदों को चरणबद्ध तरीके से भरना है।

हाल ही में पुलिस मुख्यालय में आयोजित वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रिक्त पदों को शीघ्र भरने और पदोन्नति की प्रक्रिया लगातार जारी रखने के निर्देश दिए थे। उन्होंने लगभग 25 हजार पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों की पदोन्नति पर संतोष व्यक्त करते हुए शेष पात्र कर्मचारियों को भी सितंबर माह में चक्रीय क्रम से पदोन्नत करने के निर्देश दिए हैं।

इन पदों पर होगी भर्ती

गृह विभाग द्वारा जारी आदेशों के अनुसार भर्ती के लिए स्वीकृत प्रमुख पद इस प्रकार हैं—

  • आरक्षक (जीडी) – 7,500 पद
  • आरक्षक (चालक) – 1,000 पद
  • सहायक उपनिरीक्षक (एएसआई) – 520 पद
  • सूबेदार (शीघ्र लेखक) – 135 पद
  • अराजपत्रित सूबेदार – 81 पद
  • उपनिरीक्षक (जिला पुलिस बल) – 312 पद
  • उपनिरीक्षक (विशेष शाखा) – 69 पद
  • उपनिरीक्षक (क्यूडी) – 4 पद
  • उपनिरीक्षक (अंगुल चिन्ह) – 22 पद
  • उपनिरीक्षक (आयुध) – 10 पद
  • उपनिरीक्षक (फोटो) – 9 पद

इन सभी पदों को मिलाकर कुल 9,662 पदों पर भर्ती की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है।

18 हजार पदों पर होगी भर्ती

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि वर्तमान में स्वीकृत 9,662 पदों के अतिरिक्त शेष पदों की स्वीकृति भी जल्द जारी की जाएगी। सरकार का लक्ष्य इस वर्ष पुलिस विभाग में 18 हजार पदों पर भर्ती करना है।

उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष 8,500 पदों की स्वीकृति के बाद इस वर्ष भी बड़े पैमाने पर भर्ती की जा रही है। नक्सलवाद प्रभावित क्षेत्रों में शांति स्थापित होने के बाद पुलिस बल की भूमिका विकास कार्यों में भी और अधिक प्रभावी होगी।

प्रदेश पुलिस को आधुनिक और मजबूत बनाने पर जोर

राज्य सरकार का मानना है कि पर्याप्त पुलिस बल उपलब्ध होने से कानून-व्यवस्था और बेहतर होगी, अपराध नियंत्रण को मजबूती मिलेगी तथा आम नागरिकों को अधिक प्रभावी पुलिस सेवाएं मिल सकेंगी। सरकार लगातार भर्ती, पदोन्नति और आधुनिकीकरण के माध्यम से मध्यप्रदेश पुलिस को देश की अग्रणी पुलिस बल बनाने की दिशा में कार्य कर रही है।

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