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सागर में ‘एकात्म मानव दर्शन और विकसित भारत 2047’ पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ, विधायक शैलेंद्र जैन बोले- यही विकसित भारत का मार्ग

सागर में ‘एकात्म मानव दर्शन और विकसित भारत 2047’ पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ, विधायक शैलेंद्र जैन बोले- यही विकसित भारत का मार्ग



तीनबत्ती न्यूज: 15 जुलाई, 2026

सागर। उच्च शिक्षा विभाग की पीएम-ऊषा परियोजना (सॉफ्ट कंपोनेंट तृतीय चरण) के अंतर्गत पं. दीनदयाल उपाध्याय शासकीय कला एवं वाणिज्य (अग्रणी) महाविद्यालय, सागर के राजनीति विज्ञान विभाग द्वारा "पंडित दीनदयाल उपाध्याय द्वारा प्रणीत एकात्म मानव दर्शन और विकसित भारत 2047" विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का भव्य शुभारंभ हुआ। उद्घाटन अवसर पर महाविद्यालय की शोध पत्रिका 'शोध क्षितिज' के पंडित दीनदयाल उपाध्याय विशेषांक का भी विमोचन किया गया।



मुख्य अतिथि विधायक शैलेंद्र जैन ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय का 'एकात्म मानव दर्शन' ही विकसित भारत 2047 के निर्माण का सशक्त मार्ग है। उन्होंने कहा कि पंडित जी का संपूर्ण जीवन राष्ट्र की एकता, अखंडता और अंत्योदय की भावना को समर्पित रहा। उन्होंने विद्यार्थियों की मांग पर महाविद्यालय परिसर में विधायक निधि से शेड निर्माण कराने की घोषणा भी की।



श्री राम दरबार मंदिर मकरोनिया के महंत केशव गिरी महाराज ने कहा कि एकात्म मानव दर्शन परिवार, समाज और राष्ट्र को जोड़ने वाला दर्शन है। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति सभी के प्रति समान दृष्टि रखकर राष्ट्र कल्याण के लिए कार्य करता है, वही सच्चे अर्थों में दीनदयाल के विचारों का प्रतिनिधि बनता है।



महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सरोज गुप्ता ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय का एकात्म मानव दर्शन आज वैश्विक स्तर पर भी अपनी पहचान बना चुका है। उन्होंने युवाओं से इस विचारधारा को आत्मसात कर विकसित भारत के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।

विशिष्ट वक्ता एवं उच्च शिक्षा विभाग के पूर्व क्षेत्रीय अतिरिक्त संचालक डॉ. राधावल्लभ शर्मा ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय का एकात्म मानववाद, आदि शंकराचार्य के अद्वैत दर्शन की ही व्यावहारिक अभिव्यक्ति है। वहीं मुख्य वक्ता डॉ. विश्वास चौहान ने भारतीय ऋषि परंपरा, आश्रम व्यवस्था तथा व्यष्टि और समष्टि के संतुलन पर प्रकाश डाला।

सारस्वत वक्ता डॉ. श्रीजी सेठ ने कहा कि एकात्म मानववाद पूंजीवाद और साम्यवाद की सीमाओं से आगे बढ़कर भारतीय जीवन मूल्यों पर आधारित समग्र विकास का दर्शन प्रस्तुत करता है।



संगोष्ठी की संयोजक डॉ. संगीता मुखर्जी ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए बताया कि यह दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी पांच वैचारिक सत्रों में आयोजित की जा रही है, जिसमें देशभर के शिक्षाविद और शोधकर्ता विकसित भारत-2047 की अवधारणा पर मंथन कर रहे हैं। पीएम-ऊषा परियोजना की समन्वयक डॉ. इमराना सिद्दीकी ने परियोजना के अंतर्गत किए गए कार्यों की जानकारी दी।

तकनीकी सत्रों में हुआ गहन मंथन

प्रथम तकनीकी सत्र में शासकीय राजीव गांधी महाविद्यालय, बंडा के प्राचार्य डॉ. कुलदीप यादव ने एकात्म मानव दर्शन के चार आधार—व्यष्टि, समष्टि, सृष्टि और परमेष्ठी—पर विस्तार से विचार रखे। अध्यक्षता कर रहीं डॉ. हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय की डॉ. अनुपम शर्मा ने विकसित भारत 2047 के लक्ष्य में इस दर्शन की प्रासंगिकता बताई।

द्वितीय एवं तृतीय तकनीकी सत्र में ओएसडी आर.के. गोस्वामी ने विजन डॉक्यूमेंट-2047 का उल्लेख करते हुए उच्च शिक्षा में ग्रॉस एनरोलमेंट रेशियो (GER) बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया। ओएसडी डॉ. भावना यादव ने कहा कि एकात्म मानव दर्शन जीवन मूल्यों और सिद्धांतों के समन्वय पर आधारित राष्ट्रीय व्यवस्था का आधार है।

मुख्य वक्ता डॉ. सर्वेश्वर उपाध्याय ने इसे वैश्विक आर्थिक व्यवस्था का संतुलित मॉडल बताया, जबकि डॉ. अमर कुमार जैन ने कहा कि यह दर्शन भारतीय मूल्यों के साथ विकास की नई दिशा प्रदान करता है। इस दौरान शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों ने भी अपने शोधपत्र प्रस्तुत किए।

कार्यक्रम में डॉ. नीरज दुबे, डॉ. गोपा जैन, डॉ. विनय शर्मा, डॉ. शुचिता अग्रवाल, डॉ. शैलेंद्र राजपूत, डॉ. प्रज्ञा दुबे, डॉ. संदीप तिवारी, डॉ. अंकुर गौतम सहित बड़ी संख्या में शिक्षाविद, शोधार्थी एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

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सागर नगर निगम की वित्तीय स्थिति सुधारने पर जोर, कटरा बाजार से 21 जुलाई तक हॉकर्स जोन में जायेंगे हाथठेला

सागर नगर निगम की वित्तीय स्थिति सुधारने पर जोर, कटरा बाजार से 21 जुलाई तक हटेंगे हाथ-ठेले: हॉकर्स जोन में जायेंगे





तीनबत्ती न्यूज: 15 जुलाई , 2026

सागर। नगर निगम की वित्तीय स्थिति को मजबूत बनाने, शहर की विकास परियोजनाओं को समय-सीमा में पूरा करने तथा यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के उद्देश्य से बुधवार को जिला प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कटरा बाजार के हाथ-ठेला व्यवसायियों को 21 जुलाई 2026 तक निर्धारित हॉकर्स जोन में स्थानांतरित करने की समय-सीमा तय की गई।

बैठक में विधायक शैलेन्द्र जैन, महापौर संगीता तिवारी, नगर निगम अध्यक्ष वृंदावन अहिरवार, कलेक्टर प्रतिभा पाल तथा नगर निगम आयुक्त राजकुमार खत्री मौजूद रहे। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जनसुविधाओं से जुड़ी सभी निर्माणाधीन परियोजनाओं को तय समय में पूरा कर आम नागरिकों के लिए उपयोगी बनाया जाए।




राजस्व बढ़ाने के लिए जीआईएस मैपिंग और एनर्जी ऑडिट

बैठक में नगर निगम के राजस्व को बढ़ाने के लिए जीआईएस मैपिंग के माध्यम से बड़ी संपत्तियों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर संपत्ति कर का तार्किक निर्धारण तथा बकाया कर की त्वरित वसूली की रणनीति पर चर्चा हुई। राजघाट परियोजना के बिजली खर्च और रखरखाव लागत की समीक्षा करते हुए सोलर पैनल लगाने की संभावनाएं तलाशने तथा एनर्जी ऑडिट कराने के निर्देश दिए गए। शहर की स्ट्रीट लाइट व्यवस्था को भी ऊर्जा दक्ष (एनर्जी एफिशिएंसी) मॉडल पर विकसित करने पर सहमति बनी।

आवास योजनाएं और ट्रांसपोर्ट नगर परियोजना में तेजी

विधायक शैलेन्द्र जैन ने कनेरा देव (ईडब्ल्यूएस) एवं मेनपानी आवास परियोजनाओं में लंबित आवंटन और हस्तांतरण की प्रक्रिया जल्द पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिन हितग्राहियों ने राशि जमा कर आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर ली हैं, उन्हें शीघ्र आवास उपलब्ध कराया जाए।

स्मार्ट सिटी के अंतर्गत ट्रांसपोर्ट नगर एवं मैकेनिक नगर परियोजनाओं को टेंडर प्रक्रिया के बाद तेजी से आगे बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए।

डेयरी विस्थापन में होगी सख्ती

बैठक में डेयरी विस्थापन की समीक्षा करते हुए तय किया गया कि जिन डेयरी संचालकों ने भूखंड आवंटन और नोटिस मिलने के बावजूद पशुओं का स्थानांतरण नहीं किया और नए स्थल पर शेड भी नहीं बनाए, उनके आवंटन निरस्त कर जमा राशि राजसात की जाएगी। ऐसे भूखंड नए पात्र आवेदकों को नियमानुसार दिए जाएंगे।

21 जुलाई तक हॉकर्स जोन में होगा स्थानांतरण

कलेक्टर प्रतिभा पाल ने कटरा बाजार की यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए हाथ-ठेला व्यवसायियों को एक सप्ताह के भीतर निर्धारित हॉकर्स जोन में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी वार्डों में हॉकर्स जोन विकसित कर उन्हें क्रियाशील बनाने के लिए नगर निगम को निर्देशित किया गया।

उन्होंने स्पष्ट किया कि 21 जुलाई 2026 के बाद कटरा बाजार और मुख्य मार्गों पर अतिक्रमण या यातायात बाधित करने वालों के विरुद्ध नगर निगम और पुलिस प्रशासन संयुक्त रूप से वैधानिक कार्रवाई और जब्ती अभियान चलाएंगे।

महापौर और निगम अध्यक्ष ने जताई प्रतिबद्धता

महापौर संगीता तिवारी ने कहा कि नगर निगम को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना और नागरिकों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। वहीं निगम अध्यक्ष वृंदावन अहिरवार ने कहा कि परिषद शहर के समग्र विकास, वित्तीय अनुशासन और जनसमस्याओं के निराकरण के लिए लगातार कार्य कर रही है।

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पूर्व गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह ने खुरई में 131 करोड़ के कृषि महाविद्यालय की नींव, गढ़ौला जागीर में 36 करोड़ के सांदीपनि विद्यालय का लोकार्पण

खुरई में विकास की दो बड़ी सौगात: 131 करोड़ के अटल बिहारी वाजपेयी कृषि महाविद्यालय की नींव, 36 करोड़ के सांदीपनि विद्यालय का लोकार्पण



तीनबत्ती न्यूज: 15 जुलाई, 2026

सागर/खुरई। पूर्व गृहमंत्री एवं खुरई विधायक भूपेन्द्र सिंह ने मंगलवार को खुरई विधानसभा क्षेत्र को शिक्षा और कृषि के क्षेत्र में दो बड़ी सौगातें दीं। उन्होंने खुरई में 131.20 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले स्व. अटल बिहारी वाजपेयी कृषि महाविद्यालय का भूमिपूजन किया तथा गढ़ौला जागीर में 36 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित सांदीपनि उच्च माध्यमिक विद्यालय का लोकार्पण किया।

इस अवसर पर आयोजित समारोहों को संबोधित करते हुए श्री सिंह ने कहा कि 5000 करोड़ रुपये की बीना नदी सिंचाई परियोजना और कृषि महाविद्यालय का संगम खुरई की कृषि अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएगा। उन्होंने कहा कि सिंचाई, आधुनिक कृषि शिक्षा और अनुसंधान के माध्यम से क्षेत्र के किसानों की आय बढ़ेगी तथा युवाओं को नए अवसर मिलेंगे।



कृषि महाविद्यालय प्रदेश में 12 वर्षों का इकलौता नया संस्थान

भूपेन्द्र सिंह ने बताया कि वर्ष 2016-17 में उनके प्रयासों से खुरई में कृषि महाविद्यालय स्वीकृत हुआ और 2018 में इसकी पढ़ाई शुरू हुई। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में मध्यप्रदेश में स्थापित होने वाला यह एकमात्र कृषि महाविद्यालय है।

उन्होंने कहा कि वर्ष 2019 में तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने इस महाविद्यालय को छिंदवाड़ा स्थानांतरित करने का निर्णय लिया था, लेकिन सरकार बदलने के बाद इसे पुनः खुरई वापस लाया गया।



उन्होंने बताया कि महाविद्यालय परिसर के लिए 12 एकड़ भूमि आवंटित की गई है, जबकि ग्राम सुनैटी में 75 एकड़ भूमि पर अत्याधुनिक कृषि अनुसंधान केंद्र विकसित किया जाएगा। भवन, छात्रावास और अन्य अधोसंरचना के लिए 131 करोड़ 20 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं।

कृषि शिक्षा से बढ़ेगी किसानों की आय

अपने संबोधन में श्री सिंह ने कहा कि कृषि महाविद्यालय नई तकनीक, उन्नत बीज, जल संरक्षण, सूक्ष्म सिंचाई और वैज्ञानिक खेती के माध्यम से किसानों की लागत कम करने तथा उत्पादन बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन के अनुरूप नई फसल किस्मों पर अनुसंधान से खेती अधिक सुरक्षित और टिकाऊ बनेगी।



उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा बीना नदी परियोजना के लिए किए गए निवेश का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार कृषि शिक्षा और सिंचाई को एक साथ मजबूत कर रही है।



कुलगुरु बोले—खुरई का कृषि महाविद्यालय बड़ी उपलब्धि

जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय, जबलपुर के कुलगुरु प्रो. प्रमोद कुमार मिश्रा ने कहा कि खुरई में कृषि महाविद्यालय की स्थापना तत्कालीन मंत्री भूपेन्द्र सिंह के प्रयासों से संभव हुई। उन्होंने बताया कि पहले चरण में महाविद्यालय भवन और कन्या छात्रावास का निर्माण किया जा रहा है। वर्ष 2018 से अब तक पांच बैच यहां से शिक्षा प्राप्त कर चुके हैं और कई विद्यार्थी विभिन्न सेवाओं में चयनित हुए हैं।


गढ़ौला जागीर का सांदीपनि विद्यालय बनेगा ग्रामीण शिक्षा का मॉडल

गढ़ौला जागीर में आयोजित लोकार्पण समारोह को संबोधित करते हुए भूपेन्द्र सिंह ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल भवन बनाना नहीं बल्कि ग्रामीण प्रतिभाओं को शहरों जैसी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है।

उन्होंने बताया कि विकासखंड मुख्यालय के बजाय ग्रामीण क्षेत्र में सांदीपनि विद्यालय स्थापित करने का प्रस्ताव उन्होंने स्वयं मुख्यमंत्री के समक्ष रखा था, ताकि आसपास के गांवों के विद्यार्थियों को इसका सीधा लाभ मिल सके।

लगभग 12 एकड़ परिसर में बने इस विद्यालय में जूनियर एवं सीनियर ब्लॉक, आधुनिक प्रयोगशालाएं, कंप्यूटर लैब, डाइनिंग हॉल, कैंटीन और अन्य आधुनिक सुविधाएं विकसित की गई हैं। अब तक करीब 28 करोड़ रुपये के निर्माण कार्य पूरे हो चुके हैं तथा शेष कार्य प्रगति पर हैं।

छात्रावास और खेल सुविधाएं भी होंगी विकसित

उन्होंने बताया कि अगले चरण में छात्रावास, खेल मैदान, वॉकिंग ट्रैक, बैडमिंटन, बास्केटबॉल और वॉलीबॉल कोर्ट सहित अन्य खेल सुविधाएं विकसित की जाएंगी, जिससे विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास सुनिश्चित हो सके।

शानदार रहा पहला परीक्षा परिणाम

भूपेन्द्र सिंह ने बताया कि विद्यालय का पहला परीक्षा परिणाम 90 प्रतिशत से अधिक रहा। आठ विद्यार्थियों को मुख्यमंत्री लैपटॉप योजना तथा दो विद्यार्थियों को मेधावी छात्र योजना के तहत स्कूटी प्रदान की गई। विद्यालय में सभी विषयों के शिक्षकों की नियुक्ति की जा चुकी है तथा कंप्यूटर शिक्षा, खेल, संगीत और सांस्कृतिक गतिविधियों को भी समान महत्व दिया जा रहा है।

वृक्षारोपण का किया आह्वान

लोकार्पण समारोह में छात्राओं ने सरस्वती वंदना, गणेश वंदना और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। सरपंच प्रतिनिधि शत्रुघ्न सिंह ने 18 जुलाई को ग्राम पंचायत में 2100 पौधे लगाने की जानकारी दी। इस पर भूपेन्द्र सिंह ने विद्यालय परिसर में भी व्यापक वृक्षारोपण करने का आह्वान किया।

दोनों कार्यक्रमों में जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. प्रमोद कुमार मिश्रा, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, भाजपा पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिक उपस्थित रहे।



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सागर: कलेक्टर प्रतिभा पाल का डीईओ कार्यालय पर औचक निरीक्षण, तीन अधिकारियों पर नोटिस के निर्देश

कलेक्टर प्रतिभा पाल का जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय पर औचक निरीक्षण, तीन अधिकारियों पर नोटिस के निर्देश





तीनबत्ती न्यूज: 15 जुलाई , 2026

सागर। जिले में शासकीय विभागों की कार्यप्रणाली को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और जनहितैषी बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने बुधवार को जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पठन-पाठन सामग्री के वितरण में गंभीर लापरवाही, विभागीय कार्यों में शिथिलता तथा लंबे समय से लंबित प्रकरणों पर कलेक्टर ने कड़ी नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।



इनको मिले नोटिस

कलेक्टर ने नवीन शैक्षणिक सत्र शुरू होने के बावजूद विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकों का समय पर वितरण नहीं होने पर जिम्मेदारी तय करते हुए विकासखंड शिक्षा अधिकारी सागर तथा पाठ्यपुस्तक वितरण प्रभारी को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों तक समय पर पाठ्य सामग्री पहुंचाना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

विभागीय जांच प्रकरणों पर भी सख्ती

निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने कार्यालय के अभिलेखों का गहन परीक्षण किया। विभागीय जांच से जुड़े मामलों के लंबे समय से लंबित रहने और जिम्मेदारियों के निर्वहन में उदासीनता पाए जाने पर सतर्कता शाखा (विभागीय जांच) प्रभारी के विरुद्ध भी कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।



शिक्षकों के लंबित स्वत्वों का समय पर भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश

कलेक्टर प्रतिभा पाल ने शिक्षकों और कर्मचारियों से जुड़े लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने चिकित्सा प्रतिपूर्ति, जीपीएफ/डीपीएफ आहरण, एरियर, अन्य स्वत्वों के भुगतान तथा कर्मचारियों की पदोन्नति, क्रमोन्नति और समयमान वेतनमान से जुड़े प्रकरणों का निर्धारित समय सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।



लैपटॉप और स्कूटी वितरण का होगा भौतिक सत्यापन

कलेक्टर ने विभाग के माध्यम से स्वीकृत लैपटॉप और स्कूटी वितरण की समीक्षा करते हुए पूर्व में किए गए वितरण और शेष स्टॉक का शत-प्रतिशत भौतिक सत्यापन कराने के निर्देश दिए। साथ ही सभी रिकॉर्ड को शासकीय पोर्टल पर रियल-टाइम अपडेट रखने के लिए स्थापना शाखा और आईटी सेल को आवश्यक कार्रवाई करने को कहा।

सीएम हेल्पलाइन और आरटीआई प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण करें

निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन, आरटीआई आवेदनों तथा लेखा परीक्षा संबंधी आपत्तियों के गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्र हित और शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या कर्तव्य विमुखता अक्षम्य है। कार्यप्रणाली में सुधार नहीं होने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी विवेक केवी, जिला शिक्षा अधिकारी अरविंद जैन सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।


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सागर में 24 जुलाई को 'युगप्रवर्तक डॉक्टर हेडगेवार' नाटक का मंचन, पद्माकर सभागार में होगी 55वीं प्रस्तुति

सागर में 24 जुलाई को होगा नाटक 'युगप्रवर्तक डॉक्टर हेडगेवार' का मंचन, पद्माकर सभागार में 

तीनबत्ती न्यूज: 15 जुलाई, 2026

सागर। नादब्रह्म संस्था द्वारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार के जीवन पर आधारित नाटक 'युगप्रवर्तक डॉक्टर हेडगेवार' का मंचन 24 जुलाई 2026 (शुक्रवार) को शाम 6:30 बजे पद्माकर सभागार, सागर में किया जाएगा। इस आयोजन को लेकर बुधवार को आयोजित प्रेस वार्ता में संस्था के पदाधिकारियों ने कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी दी।



नादब्रह्म संस्था के प्रचार-प्रसार संयोजक रविंद्र सहस्त्रबुद्धे ने बताया कि संस्था अब तक देश के विभिन्न राज्यों में इस नाटक की 54 सफल प्रस्तुतियां दे चुकी है और सागर में इसका 55वां मंचन होगा। उन्होंने कहा कि इस नाटक को दर्शकों का देशभर में भरपूर स्नेह और सराहना मिली है।

कार्यक्रम संयोजक अरविंद्र उपाध्ये ने बताया कि नाटक की पहली प्रस्तुति 1 अप्रैल 2025 को नागपुर में एक प्रयोग के रूप में की गई थी, जिसके बाद लगातार विभिन्न शहरों में इसका मंचन हो रहा है। सागर के बाद जबलपुर और सतना में भी इस नाटक का प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश संस्कृति संचालनालय के सहयोग से प्रदेश के विभिन्न शहरों में यह आयोजन किया जा रहा है।

उन्होंने यह भी बताया कि सागर में आयोजित इस कार्यक्रम में संस्कार भारती सहयोगी संस्था के रूप में सहभागिता निभा रही है।



संस्कार भारती के जिला संयोजक डॉ. मनीष बोहरे ने सागर शहर के नागरिकों से परिवार सहित कार्यक्रम में शामिल होने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि यह नाटक अपने आप में एक अनूठा प्रयोग है, क्योंकि इसकी पूरी प्रस्तुति रिकॉर्डेड प्ले के रूप में तैयार की गई है, जो दर्शकों को फिल्म जैसा अनुभव कराती है। लगभग 2 घंटे 15 मिनट की अवधि वाला यह नाटक अपनी प्रस्तुति और प्रभावशाली मंचन के कारण दर्शकों को अंत तक बांधे रखता है।



प्रेस वार्ता में आनंद बालापूरे (रंग व्यवस्थापक, नागपुर), नगर कार्यवाह जीवन उपाध्याय तथा जिला शारीरिक प्रमुख जय मिश्रा सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।

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मोबाइल शॉर्ट फिल्म 'सच की कीमत' को राष्ट्रीय प्रतियोगिता में ब्रॉन्ज़ रैंक, डॉ. हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय के पत्रकारिता विभाग की उपलब्धि

मोबाइल से बनी 'सच की कीमत' ने दिलाया राष्ट्रीय सम्मान, डॉ. हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय की फिल्म को ब्रॉन्ज़ रैंक




तीनबत्ती न्यूज: 15 जुलाई, 2026

सागर। डॉ. हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय, सागर के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के विद्यार्थियों द्वारा मोबाइल फोन से निर्मित लघु फिल्म ‘सच की कीमत’ को राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित टॉकिंग फिल्म्स ऑनलाइन (TFO) की 6वीं एनुअल स्मार्टफोन शॉर्ट फिल्म प्रतियोगिता में ब्रॉन्ज़ रैंक प्राप्त हुई है। प्रतियोगिता के परिणाम 27 जून 2026 को ऑनलाइन घोषित किए गए। विजेता टीम को ब्रॉन्ज़ रैंक के साथ ऑनलाइन प्रमाण-पत्र भी प्रदान किया गया।

यह उपलब्धि विश्वविद्यालय के पत्रकारिता विभाग के विद्यार्थियों की रचनात्मक क्षमता और सीमित संसाधनों में उत्कृष्ट फिल्म निर्माण कौशल का प्रमाण मानी जा रही है।



'टॉकिंग फिल्म्स ऑनलाइन' (TFO) शिक्षकों, विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और सिनेमा प्रेमियों का ऑनलाइन मंच है, जिसकी स्थापना वर्ष 2020 में महामारी और लॉकडाउन के दौरान सिनेमा पर सार्थक संवाद एवं लेखन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से की गई थी। संस्था की सह-संस्थापक गीता विश्वनाथ और निखिला एच. हैं। यह मंच प्रतिवर्ष राष्ट्रीय स्तर पर स्मार्टफोन शॉर्ट फिल्म प्रतियोगिता आयोजित करता है।

अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर आधारित है फिल्म

'सच की कीमत' फिल्म अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता (Freedom of Speech and Expression) जैसे महत्वपूर्ण सामाजिक विषय पर आधारित है। पूरी फिल्म केवल मोबाइल फोन के माध्यम से तैयार की गई है। प्रभावशाली कहानी, निर्देशन और प्रस्तुति के कारण फिल्म ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अलग पहचान बनाई।



फिल्म में धर्मेंद्र लोधी, राधा लोधी, मोहम्मद ज़ैद, मोहम्मद जुबेर और रितेश कुशवाहा ने मुख्य भूमिकाएं निभाईं। वहीं श्रेया, अनीश, आराध्य, साक्षी, सक्षम और निहारिका ने सहयोगी कलाकार के रूप में अभिनय किया।

फिल्म की कहानी आशुतोष क्षत्रि एवं राधा लोधी ने लिखी है। संगीत और निर्देशन का दायित्व भी आशुतोष क्षत्रि ने निभाया।

शिक्षकों के मार्गदर्शन में मिली सफलता

फिल्म निर्माण में पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के विद्यार्थियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। पूरी टीम को विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. विवेक कुमार जायसवाल और डॉ. अलीम अहमद खान का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। विद्यार्थियों की इस उपलब्धि से विश्वविद्यालय एवं विभाग में हर्ष का वातावरण है।

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सागर में जिला कांग्रेस सेवा दल और यंग ब्रिगेड की बैठक संपन्न, 23 जुलाई दिल्ली सम्मेलन की तैयारियों पर चर्चा

सेवादल कांग्रेस की रीढ़, पंचायत स्तर तक संगठन मजबूत करना होगा: भूपेंद्र सिंह मोहासा

▪️जिला कांग्रेस सेवा दल ग्रामीण एवं यंग ब्रिगेड की बैठक संपन्न, 23 जुलाई दिल्ली सम्मेलन की तैयारियों पर हुई चर्चा


तीनबत्ती न्यूज :14 जुलाई, 2026

सागर। जिला कांग्रेस सेवा दल ग्रामीण एवं जिला कांग्रेस सेवा दल यंग ब्रिगेड की संयुक्त बैठक मंगलवार को जिला कांग्रेस कमेटी सागर ग्रामीण कार्यालय, पद्मा नगर मकरोनिया में आयोजित की गई। बैठक में संगठन विस्तार, पंचायत एवं वार्ड स्तर पर कांग्रेस सेवा दल को मजबूत बनाने तथा 23 जुलाई को नई दिल्ली में आयोजित कांग्रेस सेवा दल के सम्मेलन की तैयारियों पर विस्तृत चर्चा की गई।

बैठक में जिला कांग्रेस कमेटी सागर ग्रामीण के अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह मोहासा ने कहा कि "सेवा दल कांग्रेस की रीढ़ है। यदि कांग्रेस संगठन को मजबूत बनाना है तो सेवा दल को पंचायत और वार्ड स्तर तक सशक्त करना होगा। संगठन जितना मजबूत होगा, कांग्रेस उतनी ही प्रभावी होगी।"

जिला कांग्रेस सेवा दल सागर ग्रामीण के मुख्य संगठक बी.डी. पटेल ने संगठनात्मक गतिविधियों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आगामी समय में सागर ग्रामीण जिले में संगठनात्मक स्तर पर महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिलेंगे। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि 23 जुलाई को नई दिल्ली में आयोजित कांग्रेस सेवा दल के सम्मेलन में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर संगठन की ताकत का प्रदर्शन करें।


बैठक को कांग्रेस सेवा दल के प्रदेश मुख्य संगठक अवनीश भार्गव, संभागीय प्रभारी हरिशंकर राय तथा यंग ब्रिगेड के प्रदेश अध्यक्ष गजानंद तिवारी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित किया और संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने का आह्वान किया।

बैठक का शुभारंभ वंदे मातरम् के साथ हुआ। इस दौरान महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस एवं डॉ. भीमराव अंबेडकर के चित्रों पर माल्यार्पण किया गया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।

बैठक का संचालन कार्यालय प्रभारी मनोज पवार ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन जिला यंग ब्रिगेड अध्यक्ष संजय रोहिदास ने व्यक्त किया।

इस अवसर पर नरयावली विधानसभा प्रभारी लक्ष्मण सिंह, वरिष्ठ कांग्रेस नेता सुरेंद्र सुहाने, संगठन महामंत्री आशीष ज्योतिषी, जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष अभिषेक गौर, अरविंद लोधी, हनुमत सिंह यादव, मुकेश अहिरवार, राकेश शुक्ला, इंद्र भूषण तिवारी, चंदन सुहाने, दीपक कुर्मी, यशपाल लोधी सहित अनेक पदाधिकारियों ने अपने विचार रखे।

बैठक में संतोष यादव, शरद तिवारी, अनिल सोनी, कैलाश कुर्मी, राजू दीक्षित, धर्मेंद्र कुर्मी, हरिओम कुर्मी, नवल सेन, अमित लोधी, विकास सिंह दांगी, कन्हैया लाल अहिरवार, लक्ष्मीनारायण सिंह लोधी, दिनेश कुर्मी, यशपाल सिंह लोधी, शुभम शुक्ला, शाकिर राइन, राकेश कुर्मी, अंतेश यादव, मुकेश यादव, शेर सिंह अहिरवार, सुखलाल अहिरवार, प्रमोद राय, प्राण सिंह लोधी, राजपाल लोधी, अरविंद सिंह लोधी, सीमा चौधरी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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सीएम डॉ. मोहन यादव ने लॉन्च किया ‘दृष्टि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म’, पंचायत ऑडिट और भुगतान प्रक्रिया होगी डिजिटल

सीएम डॉ. मोहन यादव ने लॉन्च किया ‘दृष्टि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म’, पंचायत ऑडिट प्रक्रिया होगी पूरी तरह डिजिटल



तीनबत्ती न्यूज: 14 जुलाई, 2026

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पंचायत स्तर पर वित्तीय ऑडिट प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के लिए विकसित ‘दृष्टि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म’ का शुभारंभ किया। इसके साथ ही उन्होंने पंचायत दर्पण पोर्टल पर पेमेंट गेटवे सुविधा भी लॉन्च की। मंत्रालय में मंत्रिपरिषद की बैठक के दौरान हुए इस शुभारंभ को पंचायतों के डिजिटल वित्तीय प्रबंधन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। मौके पर पंचायत मंत्री प्रहलाद पटेल मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इन नवाचारों से पंचायत स्तर पर सेवाओं में पारदर्शिता आएगी, कार्यों का समयबद्ध निस्तारण होगा और ग्रामीण प्रशासन में जवाबदेही मजबूत होगी। उन्होंने बताया कि ‘दृष्टि’ प्लेटफॉर्म पंचायतों के पूर्णतः डिजिटल रिमोट वित्तीय ऑडिट की दिशा में देश की अभिनव पहल है।

पंचायत स्तर पर अधिक प्रभावी होगी ऑडिट प्रक्रिया

केंद्रीय वित्त आयोग से प्राप्त अनुदान राशि के लिए त्रिस्तरीय पंचायतों का समयबद्ध ऑडिट अनिवार्य है। इसी उद्देश्य से भारत के महालेखाकार के निर्देशन में पंचायती राज संचालनालय ने एनआईसी के तकनीकी सहयोग से ‘दृष्टि’ ऑनलाइन प्लेटफॉर्म विकसित किया है।

इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से ऑडिटर अपने घर या कार्यालय से ही किसी भी पंचायत के आय-व्यय संबंधी अभिलेखों को ऑनलाइन देख सकेंगे और उनकी जांच कर सकेंगे। इससे प्रदेश की 23,011 ग्राम पंचायतों के वित्तीय ऑडिट को तेज, सरल और पारदर्शी बनाया जा सकेगा।

सरकार के अनुसार, इस प्रणाली से सीमित कर्मचारियों के माध्यम से भी सभी पंचायतों का ऑडिट समय पर किया जा सकेगा। साथ ही समय और संसाधनों की बचत होगी तथा वित्तीय जवाबदेही और सुशासन को मजबूती मिलेगी।

पंचायत दर्पण पोर्टल पर पेमेंट गेटवे सुविधा

मुख्यमंत्री ने पंचायत दर्पण पोर्टल पर शुरू की गई पेमेंट गेटवे सुविधा का भी शुभारंभ किया। यह सुविधा पंचायती राज संचालनालय द्वारा एनआईसी, जल निगम और यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के सहयोग से विकसित की गई है।

इसके माध्यम से पंचायतें नागरिकों के बिल जनरेट कर सकेंगी और नागरिक घर बैठे ऑनलाइन भुगतान कर सकेंगे। भुगतान के बाद उन्हें तुरंत ऑनलाइन रसीद भी प्राप्त होगी। इससे लोगों के समय और श्रम की बचत होगी तथा पंचायत का अभिलेख स्वतः तैयार होता रहेगा।

सुशासन और पारदर्शिता को मिलेगा बढ़ावा

सरकार का मानना है कि ‘दृष्टि’ ऑनलाइन प्लेटफॉर्म और पंचायत दर्पण पोर्टल की पेमेंट गेटवे सुविधा से पंचायतों की कार्यप्रणाली अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और तकनीक आधारित बनेगी। इन नवाचारों से ग्रामीण प्रशासन में सुशासन को बढ़ावा मिलेगा और पंचायत स्तर पर वित्तीय प्रबंधन मजबूत होगा।

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