संसद में पीएम की जान को खतरा होना सरकार और भाजपा के लिए शर्मनाकः रघु ठाकुर
तीनबत्ती न्यूज: 22 फरवरी, 2026
सागर। संसदीय लोकतंत्र के समक्ष कई गंभीर प्रश्न खड़े हो गये हैं। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर विपक्ष के प्रश्नों के उत्तर देने प्रधानमंत्री लोकसभा में नहीं पहुंचे। यह गंभीर बात है। यह बात लोसपा के राष्ट्रीय संरक्षक रघु ठाकुर ने पत्रकारों से चर्चा के दौरान कही। उन्होंने कहा कि लोकसभा स्पीकर कह रहे हैं कि मैंने प्रधानमंत्री को सदन में जाने से रोका। क्योंकि उनकी जान को खतरा था। भाजपा का विशाल बहुमत लाचार हो गया है। प्रधान मंत्री की सुरक्षा को यदि संसद में खतरा है तो यह भाजपा के लिए आत्ममंथन का विषय है। लोकसभा स्पीकर ने अक्षम्य अपराध किया है।
---------------------
प्रदर्शन का वीडियो देखने क्लिक करे
_________________
रघु ठाकुर ने कहा कि देश में आरएसएस इस समय भाजपा के पीछे रह गई है। एक समय दोनों में समानता गठबंधन था लेकिन अब भाजपा के आगे आरएसएस ने घुटने टेक दिये हैं। इस कारण कुलपतियों की नियुक्तियों सहित कई मामले रूके पड़े हैं। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष की नियुक्ति में आरएसएस की पंसद को महत्व नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि आवारा कुत्तों को मारने की पुरानी परंपरा ही बेहतर थी। कुत्तों की नसबंदी के नाम पर भ्रष्टाचार और घोटाले के नये अवसर तलाशें जा रहे हैं। ग्वालियर में कुत्तों की नसबंदी के नाम पर जिन डॉक्टरों को पैसों को भुगतान की बात कही गई है उनकी वहां पदस्थापना ही नहीं है। तेलंगाना के लोगों ने तीन सौ आवारा कुत्तों को मार कर उन्हें जमीन में दफन कर दिया। ठाकुर ने कहा कि मप्र सरकार का बजट सत्ता शक्ति का खुला प्रदर्शन है। नगरीय प्रशासन विभाग में बजट की अधिकांश राशि मुख्यमंत्री के क्षेत्र उज्जैन को दे दी गई है। वोट खरीदी योजनाओं पर भी सरकार महरवान रही है। बजट में शिक्षा और चिकित्सा की उपेक्षा की गई है। अमेरिका के सुप्रीमकोर्ट द्वारा टैरिफ दरों को रद्द किये जाने के बाद भी भारतीय आर्थिक व्यवस्था पर अभी खतरा टला नहीं है। ठाकुर ने कहा कि सर्वदलीय मोर्चा ने बुंदेलखंड अंचल की विभिन्न मांगों को लेकर दिल्ली में धरना देने के बाद प्रधानमंत्री सहित अन्य मंत्रियों को ज्ञापन सौंपे हैं हमें उम्मीद है कि सरकार शीघ्र ही इन मांगों को निराकृत करेगी। मोर्चा अंचल की समस्याओं को लेकर लगातार संघर्ष करता रहा है और करता रहेगा।







0 comments:
एक टिप्पणी भेजें