ग्रामीण विकास में रेडियो की भूमिका अग्रणी: दीपक निषाद
तीनबत्ती न्यूज: 16 फरवरी, 2026
सागर: आकाशवाणी सागर द्वारा ग्राम कनेरा मनक्याई में रेडियो किसान दिवस का आयोजन किया गया। जिसमें गांव के अनेक किसान और जिले के विभिन्न स्थानों से पधारे किसान भाइयों ने भाग लिया। कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ अतिथियों द्वारा सरस्वती पूजन व दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। स्वागत सत्र में आमंत्रित कृषि विशेषज्ञों यथा डॉ.के.एस.यादव, डॉ. आशीष त्रिपाठी, डॉ.बी के शर्मा ,आर. डी.चौबे, जितेंद्र सिंह राजपूत, विपिन कुमार जैन का स्वागत आकाशवाणी सागर के कार्यक्रम प्रमुख दीपक निषाद के द्वारा शाल, श्रीफल और पुष्पहार पहनाकर किया गया और रेडियो माइक का प्रतीक चिन्ह सम्मान स्वरूप भेंट किया गया। इसके उपरांत ग्राम के प्रगतिशील कृषकों का सम्मान भी आकाशवाणी सागर की तरफ से पुष्पहार पहनाकर किया गया।
खेती पर दिए सुझाव
मनक्याई और आसपास के गांवों में खासतौर से फूलों और विभिन्न सब्जियों की खेती होती है इनकी उन्नत कृषि हेतु कृषि विशेषज्ञों ने अपने वैज्ञानिक सुझाव किसानों को कार्यक्रम में दिए। कार्यक्रम का आरंभ आकाशवाणी सागर के प्रोग्राम हेड दीपक निषाद के द्वारा स्वागत उद्बोधन और कार्यक्रम की रूपरेखा और भूमिका बताकर किया गया । श्री निषाद ने कहा कि रेडियो और किसानों का संबंध बहुत गहरा है और रेडियो किसानों के लिए एक सतत् मार्गदर्शक का कार्य कर रहा है और इससे बहुतेरे किसान भाई बहनों की खेती में आय बढ़ रही है और वे प्रगतिशील कृषक बनने की ओर अग्रसर हैं । कृषि योजनाओं के प्रसार व ग्रामीण विकास में आकाशवाणी की महती भूमिका है। स्वागत - सम्मान सत्र के बाद तकनीकी सत्र में वरिष्ठ उद्यानिकी विशेषज्ञ आर.डी.चौबे ने कार्यक्रम में स्थानीय किसानों की सराहना करते हुए कहा कि यहां के किसान लंबे समय से संरक्षित खेती से जुड़े हुए हैं और यही इस गांव की प्रगति का राज़ है। उन्होनें बताया कि यहां ड्रिप इरिगेशन, मल्चिंग, प्याज़ स्टोरेज़, फूलों की खेती का अच्छा प्रयोग पानी की ज़्यादा उपलब्धता न होने के बावजूद हो रहा है जो दूसरे किसानों के लिए प्रेरक है।इसके बाद कार्यक्रम में पधारे वरिष्ठ पशु चिकित्सक डॉ. बी. के. शर्मा ने पशुपालन के महत्व और पशुपालन विभाग की ओर से चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी प्रदान की और आशा व्यक्त की कि जैसे यहां उद्यानिकी की फसलें लहलहा रहीं हैं वैसे ही यहां दूध की धारा भी बहे।
इसके बाद कार्यक्रम में सहायक संचालक कृषि श्री जितेंद्र सिंह राजपूत ने कृषकों को खेती में रासायनिक खाद के स्थान पर जैविक खाद के प्रयोग के लाभ बताएं और कृषि विभाग की योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने ये भी बताया कि सागर ज़िले के पीटीसी मैदान में प्रति रविवार को संचालित जैविक/ प्राकृतिक कृषि हाट बाजार में अच्छी बिक्री हो रही है और जैविक- प्राकृतिक कृषि करने वाले किसान इसमें भाग ले के अपने उपज का वाजिब दाम पा सकतें हैं।कृषि विज्ञान केंद्र क्रमांक 2 देवरी से आए प्रमुख वैज्ञानिक डॉ.आशीष त्रिपाठी ने कृषकों को प्रभावी कीट नियंत्रण की जानकारी दी। उन्होंने रासायनिक खरपतवार नाशकों का उपयोग विवेकपूर्ण तरीके से करने की सलाह किसान भाइयों को दी। कृषि विज्ञान केंद्र क्रमांक 1 सागर के प्रमुख वैज्ञानिक डॉ. के.एस. यादव ने किसानों को सब्जी फसलों के उत्पादन और स्थानीय बाजार की मांग के मुताबिक समन्वय स्थापित करने की आवश्यकता बताई। फूलों की उन्नत कृषि के बारें में भी आपने विस्तारपूर्वक जानकारी दी।
जिज्ञासाओं का भी हुआ समाधान
रेडियो किसान दिवस के इस कार्यक्रम में विशेषज्ञों द्वारा किसानों के कृषि संबंधी जिज्ञासाओं का भी समाधान किया गया और कुछ किसानों ने अपने रोगग्रस्त पौधे भी दिखाकर विशेषज्ञों से आवश्यक परामर्श लिए। रेडियो किसान दिवस के इस गरिमामय कार्यक्रम में मनक्याई के जनपद सदस्य मानकलाल कुशवाहा ने मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होकर कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई । इस कार्यक्रम के आयोजन में गांव के ही प्रगतिशील कृषक नेमीचंद कुशवाहा का विशेष सहयोग रहा । कार्यक्रम का संचालन सतीश साहू और रामकुमारी ठाकुर ने किया। कार्यक्रम में आकाशवाणी सागर की ओर से वरिष्ठ उद्घोषक जयशेखर ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया । कार्यक्रम को सफल बनाने में आकाशवाणी सागर के शैलेंद्र सिंह, सुमित दुबे, मासूम आलम, अमजद खान, नीरज सोनी, राजेन्द्र नारायण तिवारी (रज्जू भैया), संतोष पाठक, सुनील राय, परेश जैन, अन्नू ठाकुर और अनूप अहिरवार का भी विशेष सहयोग रहा। इन सभी को रेडियो किसान दिवस पर आयोजित इस कार्यक्रम में स्मृति चिन्ह भेंट कर और पुष्पहार पहनाकर सम्मानित किया गया । कार्यक्रम में हाईटेक हॉर्टिकल्चर के लिए मध्यप्रदेश के 15 किसानों के दल के साथ उद्यानिकी विभाग की तरफ से इजरायल और नीदरलैंड का दौरा कर चुके मनक्याई गांव के शोभाराम पटेल और मेहीलाल पटेल का पुष्पहार पहना के विशेष अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम में प्रेम नारायण कुशवाहा, प्रमोद तिवारी, रजौआ, अजय सिंह ठाकुर, बरौदिया वल्लभ, नरेंद्र सिंह नेगी, मेहर, गंधर्व सिंह राजपूत, हिन्नौद, अंबिका प्रसाद उपाध्याय,रतौना, गुड्डू चौबे, बम्हौरी ढूंढ़़र, प्रदीप सूबेदार, मुकुंद देसाई, शोधार्थी श्याम सिंह ,आगर मालवा, भैरवलाल पटैल, बलीचंद पटैल, धन सिंह पटैल, बंसीलाल पटैल, राजेन्द्र पटैल, राजा पटैल, अमित पटैल, नौनेलाल पटेल सहित लगभग 100 कृषक उपस्थित रहें । सभी को महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर फलाहारी स्वल्पाहार कराया गया और अन्य लोगों ने बुंदेली व्यंजन दाल-बाटी, भर्ता का आनंद उठाया।

















