एडिटर : विनोद आर्य
________
-----------------------
एडिटर : विनोद आर्य
________
-----------------------
बुंदेलखंड चिकित्सा महाविद्यालय में सफल नेत्र प्रत्यारोपण: नेत्रदान से तीन मरीजों की जिंदगी में लौटी रोशनी : अब तक 25 को मिला उजाला
तीनबत्ती न्यूज: 27 अप्रैल, 2026
सागर: बुंदेलखंड चिकित्सा महाविद्यालय (BMC) के नेत्र रोग विभाग और आई बैंक ने चिकित्सा के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। मीडिया प्रभारी डॉ सौरभ जैन ने बताया कि हाल ही में हुए नेत्रदान के माध्यम से प्राप्त कॉर्निया का उपयोग कर तीन जरूरतमंद मरीजों की आंखों का सफलतापूर्वक प्रत्यारोपण (केराटोप्लास्टी) किया गया।
यह भी पढ़ें: गवेषणा संवाद:मृत्यु के बाद के विधिक अधिकार: देहदान और अंगदान करने के नियमों के सरलीकरण कराए जाने पर विमर्श
बुजुर्ग मजदूर को मिली नई दृष्टि
75 वर्षीय बुजुर्ग, जो पेशे से मजदूर हैं, लंबे समय से अपनी दाहिनी आंख की समस्या से जूझ रहे थे। चोट लगने के कारण उनकी पुतली में सफेदी आ गई थी, जिससे उन्हें दिखना पूरी तरह बंद हो गया था। आई बैंक की टीम ने नेत्र प्रत्यारोपण सर्जरी के साथ-साथ उनका मोतियाबिंद का ऑपरेशन भी सफलतापूर्वक संपन्न किया।
यह भी पढ़ें: स्व. श्री किशन का देहदान बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज को: गार्ड ऑफ ऑनर के साथ दिया सम्मान
गृहणी की आंखों की रोशनी बहाल
एक अन्य मामले में, एक महिला गृहणी, जिनका 5 वर्ष पूर्व मोतियाबिंद का ऑपरेशन हुआ था, पुतली में संक्रमण (इंफेक्शन) के कारण दृष्टिहीन हो गई थीं। नेत्र रोग विभाग में पंजीकरण के बाद, उन्हें दान में मिली पुतली (कॉर्निया) के माध्यम से उनकी बाईं आंख का सफल प्रत्यारोपण किया गया।
यह भी पढ़ें: मानवता की सर्वोच्च सेवा: सुगंधी बाई जैन ने मरणोपरांत किया नेत्रदान और देहदान : गार्ड ऑफ ऑनर देकर किया सम्मानित
सूजन की समस्या का समाधान
करीब 10 दिन पूर्व हुए एक अन्य नेत्रदान से 77 वर्षीय बुजुर्ग को नया जीवन मिला। मोतियाबिंद ऑपरेशन के बाद उनकी पुतली में सूजन आ गई थी, जिससे पिछले दो वर्षों से वे देख नहीं पा रहे थे। आई बैंक में रजिस्ट्रेशन के उपरांत विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा उनकी पुतली बदली गई।
ये रही टीम
यह सभी सर्जरी विभाग की कुशल टीम के नेतृत्व में संपन्न हुई, जिसमें प्रमुख रूप से डॉ. प्रवीण खरे (विभागाध्यक्ष, नेत्र रोग विभाग) डॉ. सारिका चौहान (आई बैंक इंचार्ज) डॉ. अंजलि वीरानी पटेल (असिस्टेंट प्रोफेसर), वरिष्ठ एवं कनिष्ठ रेजिडेंट डॉक्टर्स: डॉ. महाजन, डॉ. ईशा, डॉ. इतिशा, डॉ. नियति, डॉ. रक्षित, एवं डॉ. अजय सहित नर्सिंग एवं पैरामेडिकल स्टाफ शामिल रहे।
यह भी पढ़ें: Sagar: नवजात शिशु की मृत्यु का मामला: तीन सदस्यीय जांच दल गठित : प्रसव के दौरान डॉक्टर ने नहीं किया उचित इलाज
समाज से नेत्रदान की अपील
डीन डॉ पी एस ठाकुर ने कहा कि बीएमसी सागर के आई बैंक में अब तक 17 नेत्रदान प्राप्त हुए हैं और 25 सफल नेत्र प्रत्यारोपण सर्जरी की जा चुकी हैं। उन्होंने बताया कि हादसों, अल्सर या गंभीर चोट के कारण खराब हुई पुतलियों का उपचार केवल मरणोपरांत प्राप्त स्वस्थ कॉर्निया से ही संभव है। उन्होंने समाज से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में नेत्रदान के लिए आगे आएं ताकि दृष्टिहीनता को दूर किया जा सके।
------------
एडिटर : विनोद आर्य
________
-----------------------
Sagar Crime : पति-पत्नी ने घर में फांसी लगाकर दी जान, बीड़ी बनाने का काम करते थे दोनों
सागर : सागर जिले के शाहगढ़ थाना क्षेत्र के वार्ड क्रमांक-10 में सोमवार को एक हृदय विदारक घटना सामने आई है। यहाँ एक दंपत्ति ने अज्ञात कारणों के चलते अपने ही घर में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की सूचना मिलते ही इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है।
अकेले रहते थे घर में
जानकारी के अनुसार, 45 वर्षीय उत्तम अहिरवार और उनकी पत्नी हरिबाई (42 वर्ष) घर में अकेले रहते थे और बीड़ी बनाने का काम करके अपना गुजर-बसर करते थे। उनका इकलौता बेटा सागर में रहता है। सोमवार को जब परिवार के अन्य सदस्यों ने उन्हें फंदे पर झूलते देखा, तो तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी।
रात में की थी पड़ोसियों से सामान्य बात
हैरानी की बात यह है कि रविवार देर रात तक दोनों पति-पत्नी अपने घर के दरवाजे पर मोहल्ले वालों के साथ बैठे थे। पड़ोसियों के मुताबिक, दोनों ने सामान्य रूप से बातचीत की थी और उनके व्यवहार से ऐसा जरा भी महसूस नहीं हुआ कि वे कोई आत्मघाती कदम उठाने वाले हैं।
बेटे के पहुंचने पर हुआ पोस्टमार्टम
पुलिस ने घटना की जानकारी सागर में रह रहे उनके बेटे को दी। बेटे के शाहगढ़ पहुंचने के बाद पुलिस ने शवों का पंचनामा तैयार कर उन्हें पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा।
कोई सुसाइड नोट नहीं मिला
शाहगढ़ थाना प्रभारी संदीप खरे ने बताया कि मौके से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है । पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आत्महत्या के पीछे के कारणों का पता लगाने में जुटी है।फिलहाल, इस आत्मघाती कदम के पीछे की असल वजह का खुलासा नहीं हो पाया है। पुलिस परिजनों और करीबियों के बयान दर्ज कर मामले की तहकीकात कर रही है।
प्रतिबंधित क्षेत्र में पुतला दहन पर कांग्रेस ने जताई आपत्ति : शासकीय कर्मचारियों और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को राजनीतिक कार्यक्रमों में शामिल करना गलत
तीनबत्ती न्यूज: 27 अप्रैल, 2026
सागर। शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष महेश जाटव के नेतृत्व में कांग्रेस जनों ने नगर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) कार्यालय पहुँचकर कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस ने भाजपा द्वारा प्रतिबंधित क्षेत्र गौर मूर्ति पर धारा 144 के उल्लंघन और पुतला दहन के विरोध में दोषियों पर मामला दर्ज करने की मांग की है।
अध्यक्ष महेश जाटव ने कहा कि भाजपा ने चकराघाट से 'जन आक्रोश महिला पदयात्रा' निकाली थी, जिसके दौरान गौर मूर्ति पर कांग्रेस गठबंधन का पुतला फूंका गया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह क्षेत्र पुतला दहन के लिए पूर्णतः वर्जित है और यहाँ धारा 144 प्रभावशील है। पुलिस इस दौरान मूकदर्शक बनी रही, जो कि पुलिस के दोहरे रवैये को दर्शाता है।
पूर्व मंत्री सुरेंद्र चौधरी ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा जनता को भ्रमित कर रही है। उन्होंने गंभीर आरोप लगाया कि भाजपा के राजनीतिक कार्यक्रमों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और शासकीय कर्मचारियों को दबावपूर्ण शामिल किया जा रहा है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि वन विभाग में पदस्थ शासकीय सेवक कविता लारिया उक्त राजनीतिक कार्यक्रम में अग्रणी रूप से सम्मिलित हुईं, जो मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियमों का खुला उल्लंघन है।
मुकुल पुरोहित ने मांग की कि इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच हो और उन अधिकारियों पर भी कार्रवाई की जाए जो कर्मचारियों को ऐसे आयोजनों में भेजने के लिए विवश करते हैं। ज्ञापन का वाचन डॉ. संदीप सबलोक ने किया और आभार आनंद हैला ने व्यक्त किया।
इस अवसर सेवालाल अध्यक्ष सिंटू कटारे ,समीर खान ,राकेश राय, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष वीरेंद्र राजे, हेमराज रजक, नरेंद्र मिश्रा, शरद पुरोहित ,संदीप चौधरी, कमलेश तिवारी,राहुल चौबे, पार्षद ताहिर खान, रिचा सिंह, शिव शंकर गुड्डू यादव, चमन अंसारी, प्रीतम यादव, महेश अहिरवार,मीना पटेल,पवन पटेल,रवि उमाहिया,जाहिद ठेकेदार, लल्ला यादव, सुरेश पंजवानी, चक्रेश रोहित, आनंद अहिरवार दीनदयाल तिवारी , साजिद राइन,अजय लारिया,रेखा सोनी, किरण लता सोनी, अर्चना कनौजिया, भैयन पटेल,नोशाद अब्बासी ,पवन जाटव, निखिल जैन,आदिल राइन, लल्ला यादव, वीरू चौधरी,कुंजीलाल लड़ियां, अरुण साहू ,संजय सराफ, दुलीचंद सकवार, अशोक चकिया, प्रशांत सोनी,पर आदि बड़ी संख्या में कांग्रेस जन उपस्थित थे
सागर में आबकारी द्वारा अवैध अहातों के विरुद्ध सख्त कार्यवाही : 22 मामले दर्ज
तीनबत्ती न्यूज : 27अप्रैल 2026
सागर: पिछले 10 दिनों में आबकारी सागर द्वारा गोपालगंज, कटरा, गुजराती बाजार, स्टेशन रोड, गऊघाट, वल्लभनगर, राजीवनगर वार्ड, तिली, मधुकरशाह वार्ड, सिविल लाइन, मकरोनिया, धर्मश्री, खुरई, बीना, बंडा, देवरी एवं रेहली क्षेत्र की मदिरा दुकानों एवं आसपास संचालित अवैध अहातों के विरुद्ध सघन अभियान चलाते हुए विभिन्न स्थानों पर दबिश दी गई।
इस दौरान अवैध रूप से संचालित अहातों के विरुद्ध धारा 36(A) के अंतर्गत कुल 22 प्रकरण कायम किए गए।आबकारी विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध मदिरा पान, अवैध अहातों के संचालन एवं नियमों के उल्लंघन के विरुद्ध निरंतर सख्त कार्यवाही जारी रहेगी। विभाग द्वारा संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
पोषण ट्रैकिंग धीमी: सागर, टीकमगढ़, दमोह एवं पन्ना के परियोजना अधिकारियों की वेतन वृद्धि रोकने के निर्देश दिए
▪️गर्भवती माताओं के पंजीयन में सागर, निवाड़ी की धीमी प्रगति पर कमिश्नर ने जताई नाराजगी
कार्यपालन यंत्री ,कालेज की प्राचार्य सहित तीन अफसरों को नोटिस : समय सीमा बैठक में गैरहाजिर रहने पर कलेक्टर की कार्रवाई
गवेषणासंवाद:मृत्यु के बाद के विधिक अधिकार: देहदान और अंगदान करने के नियमों के सरलीकरण कराए जाने पर विमर्श
तीनबत्ती न्यूज|26 अप्रैल, 2026
सागर: मानव गरिमा और भेदभाव रहित वैज्ञानिक दृष्टिकोण के लिए समर्पित संस्था ‘गवेषणा’ के 24 वें नियमित संवाद क्रम का आयोजन, नगर के तिली वार्ड स्थित जिज्ञासा वाचनालय में हुआ। संवाद आयोजन में विमर्श का विषय मानव जीवन उपरांत विधिक अधिकारों को प्रकाशित करना रहा । माननीय उच्च न्यायालय मध्य प्रदेश की ग्वालियर खंडपीठ के द्वारा कृषि विभाग के एक कर्मचारी की मृत्यु के बाद उनकी पदोन्नति और पेंशन प्रकरण में पारित फैसले को केन्द्र में रख कर विषय के मुख्य वक्ता वरिष्ठ अधिवक्ता और विधि विषेशज्ञ श्री रामदास जी ने भारत में मृत्यु के बाद के अधिकारों पर विस्तृत व्याख्यान दिया ।
व्यख्यान में गरिमा पूर्ण अंतिम संस्कार,प्रतिष्ठा और निजता के अधिकार, संपत्ति के अधिकार,शव का सम्मान, वसीयत, उत्तराधिकार जैसे विषयों पर प्रकाश डाला । ‘गवेषणा’अध्यक्ष डॉ.मनोहर चौरसिया जो कि स्वयं देहदानी हैं, ने देहदान और अंगदान मामलों में आ रही विधिक और नियमों की समस्याओं पर अपनी बात रखी । देहदान और अंगदान के मामलों में दुरूपयोग की आशंकाओं को निर्मूल करने के कठोर विधिक प्रावधानों के कारण आ रही व्यवहारिक समस्याओं और नैतिकता से जुड़े हुए विषयों के समाधान कराए जाने की आवश्यकता व्यक्त की ।
यह भी पढ़ें: स्व. श्री किशन का देहदान बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज को: गार्ड ऑफ ऑनर के साथ दिया सम्मान
नेशनल ऑर्गन एण्ड टिश्यु ट्रांसप्लान्ट ऑर्गनाइजेशन (नोटो) के अधिकार क्षेत्र को प्रदेश और देश के अधिक मेडिकल कालेजों को जोड़े जाने की आवश्यकता पर बल दिया । वर्तमान में राज्य में नोटो, गांधी मेडिकल कालेज, भोपाल में ही सक्रिय बताया जा रहा है । देहदान और अंगदान वसीयत के बाद उत्तराधिकारियों की सहमति की विधिक अनिवार्यता को सरलीकृत कराए जाने की आवश्यकता व्यक्त की ।
यह भी पढ़ें: मानवता की सर्वोच्च सेवा: सुगंधी बाई जैन ने मरणोपरांत किया नेत्रदान और देहदान : गार्ड ऑफ ऑनर देकर किया सम्मानित
गवेषणा की हमेशा से चली आ रही परंपराओं के अनुसार विषयों में आए तर्कों के विरुद्ध असहमति के वक्तव्यों का आदर पूर्वक स्वागत किया गया । विधि शास्त्र पर केन्द्रित संवाद क्रम में मुख्य वक्ता विधि विशेषज्ञ,विश्विद्यालय शिक्षक और एड्व्होकेट रामदास जी के संबोधन पर जिज्ञासाओं से जुड़े हुए प्रश्न-उत्तर हुए ।
आयोजन में डॉ.शिवकुमार चैरसिया, अमिय साक्षी, इंजी. सारांश गौतम, डॉ.चन्दन कुमार, डॉ.तरूण, डॉ.अमरमणि त्रिपाठी,शिवकुमार यादव, बाबूलाल रजक, स्वाति विश्वास, डॉ.अजय कुमार, बृजेश मिश्रा, सोनू, लकी, और ओम आदि सहभागी रहे । प्रो.राजेश गौतम ने सम्वाद के निष्कर्ष पर बात रखते हुए सहभागी सुधि जनों का आभार व्यक्त किया ।
जलभराव का कारण बने अतिक्रमण पन्द्रह दिन में हटेंगे, ,▪️बख्शीखाना व नया बाजार को जी प्लस-2 मॉडल पर बनाया जाएगा ▪️ टाटा कंपनी पर लगेगी पेनाल्...