सागर की पहचान -लाख बंजारा झील

रविवार, 10 जनवरी 2021

हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की पुत्री राजकुमारी का निधन

हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की पुत्री राजकुमारी का निधन

सागर। हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की पुत्री  और ओलंपियन अशोक कुमार की बहिन श्रीमति राजकुमारी कुशवाहा पत्नी स्व डॉ महेंद्र सिंह कुशवाहा का शनिवार रात निधन हो गया वे 75 वर्ष की थीं। सागर के सिध्देश्वर मंदिर के पास कुशवाहा बंगला सदर बाजार निवासी श्रीमती राजकुमारी पूर्व ओलंपियन अशोक सिंह की बहन व मनीष कुशवाहा की माँ थीं।परिवार में चाचा  धीरेन्द्र सिंह कुशवाहा, राजेन्द्र सिंह कुशवाहा हैं। उनका अंतिम संस्कार आज द कपूरिया शमशान घाट पर हुआ
उनके बेटे मनीष मुताबिक  मां अपने  ध्यानचंद के सैनिक अनुशासन को बहुत मानती थी और उन सबका लालन-पालन कठोर अनुशासन के बीच हुआ । वे बहुत ही दयालू थी सभी की मदद के लिए तैयार रहती थी । वहीं उऩकी बहन उषा सिंह ने बताया कि 11 भाई-बहनों में राजकुमारी 5 वें नंबर की थीं । वे इंटरमीडियेट पास थी । देखने में सभी भाई बहनों में राजकुमारी ही सबसे सुंदर थी । वे कत्थक नृत्य भी जानती थी । वहीं उन्होंने अपने पिता मेजर ध्यानचंद के बारे में बताया कि वे हॉकी के जादूगर तो कहलाते हैं पर असल में वे बेहद सीधे सादे और सरल स्वभाव के थे । सेना में वे सिपाही के पद से मेजर के पद तक पहुंचे और खेल में भारत का नाम बुलंदियों तक पहुंचाया । वे 4 से 5 बार सागर भी आये । करीब 40 साल पहले अंतिम बार से एक विवाह समारोह में शामिल होने सागर आये थे और सदर के इसी मकान में रुके थे । यहां से वे खिरिया गए थे । वहीं राजकुमारी के भाई ओलंपियन अशोक ध्यानचंद कल या परसो शाम को सागर आयेंगे।


तीनबत्ती न्यूज़. कॉम
के फेसबुक पेज  और ट्वीटर से जुड़ने  लाईक / फॉलो करे


ट्वीटर  फॉलो करें
@weYljxbV9kkvq5ZB


वेबसाईट

उषा जी ने  बताया कि ध्यानचंद तीन भाई और 4 बहनें थी । सबसे बड़े मूल सिंह फिर ध्यानचंद और तीसरे नंबर के भाई रुपसिंह थे । ध्यानचंद की पत्नी का नाम जानकी देवी था । राजकुमारी की बहन उषा सिंह ने बताया कि वे 11 भाई बहन हैं जिसमें सबसे बड़े ब्रजमोहन सिंह , फिर विद्या देवी , सोहन सिंह , राजकुमार , राजकुमारी , अशोक ध्यानंचद, आशा , उमेश ध्यानचंद , उषा सिंह , देवेंद्र सिंह और वीरेंद्र सिंह हैं । पिता ध्यानंचद के सेना और हॉकी की वजह से बाहर के चलते मां जानकी देवी और ताऊ मूल सिंह ने बच्चों की परवरिश की । सभी बच्चे ध्यानचंद को बाबूजी कहकर बुलाते थे । वहीं स्व. राजकुमारी जी अपने पीछे एक बेटा मनीष कुशवाहा और दो बेटियां अलका सोलंक(इंदौर) और अनीता सिंह तोमर(ग्वालियर) सहित भरा पूरा परिवार छोड़कर गईं।

(इनपुट :ग्राउंड जीरो से )

---------------------------- 





तीनबत्ती न्यूज़. कॉम ★ 94244 37885


-----------------------------

0 comments:

टिप्पणी पोस्ट करें


SAGAR : ऑक्सीजन की प्रति घंटे के हिसाब से कीमत तय ,लो फ्लो ऑक्सीजन प्रति घंटे डेढ़ सौ एवं हाईफ्लो ऑक्सीजन व्हिथ वेंटीलेटर 300 रुपये

Archive