भोपाल मण्डल के सांसदों के साथ पश्चिम मध्य रेलवे के महाप्रबंधक एवं वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक: सांसद रजनीश कुमार अग्रवाल ने उठाए रेल से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दे
तीनबत्ती न्यूज:04 नवंबर, 2026
भोपाल। पश्चिम मध्य रेलवे के महाप्रबंधक एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ सांसदगण की बैठक में राज्यसभा सांसद श्री रजनीश कुमार अग्रवाल ने भोपाल रेल मंडल से संबंधित यात्री सुविधाओं, रेल कनेक्टिविटी और स्टेशनों के विकास से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए।
सांसद श्री अग्रवाल ने प्रमुख रूप से निम्न मांगें रखीं—
1. बीना रेलवे स्टेशन के समीप RLDA के माध्यम से PPP मॉडल पर बड़े अस्पताल की स्थापना।
2. मंडी बामोरा स्टेशन पर प्रयागराज, इटारसी एवं पातालकोट एक्सप्रेस का ठहराव।
3. भोपाल या रानी कमलापति स्टेशन से अयोध्या के लिए प्रतिदिन सीधी ट्रेन, जिसका ठहराव विदिशा, गंजबासौदा, मंडी बामोरा एवं बीना में हो।
4. मंडी बामोरा स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल कर विकास तथा प्रधानमंत्री गति शक्ति कार्गो टर्मिनल की स्थापना।
5. बीना मालखेड़ी स्टेशन को पुनः भोपाल मंडल में शामिल करने तथा झांसी एवं कटनी लाइन से संबंधित रेलवे सीमाओं का पुनर्निर्धारण।
6. बीना स्टेशन पर अन्य निर्माण के साथ ही तत्काल जरूरी सुविधाएं, ट्रेनों के ठहराव,बीना-सागर रेलवे अंडरब्रिज एवं मालगोदाम तक पहुंच मार्ग का निर्माण।
7. विंध्याचल एक्सप्रेस को भोपाल से शाम 6:20 के स्थान पर 7:50 बजे संचालित करना।
8. भोपाल-जोधपुर ट्रेन का महादेव खेड़ी स्टेशन पर ठहराव तथा महादेव खेड़ी, समरखेड़ी एवं कंजिया स्टेशनों तक पहुंच मार्ग का निर्माण।
9. महामना एक्सप्रेस का विस्तार रानी कमलापति रेलवे स्टेशन तक करना।
स्वच्छता और यात्री सुरक्षा पर विशेष जोर
सांसद ने रेलवे स्टेशनों पर नियमित एवं प्रभावी साफ-सफाई, स्वच्छ शौचालय, पर्याप्त शुद्ध पेयजल और पेयजल की नियमित गुणवत्ता जांच सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही स्टेशन परिसरों में आवारा पशुओं के प्रवेश पर रोक लगाने के लिए बाउंड्री, प्रवेश द्वार और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर जोर दिया । श्री अग्रवाल ने कहा कि रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुविधाजनक वातावरण मिलना चाहिए। छोटे शहरों और कस्बों के स्टेशनों का विकास भी बड़े स्टेशनों की तरह प्राथमिकता से होना आवश्यक है।
उन्होंने रेलवे के महाप्रबंधक एवं वरिष्ठ अधिकारियों से सभी मांगों पर गंभीरता से विचार कर आवश्यक कार्रवाई करने का आग्रह किया।






