कटनी जमीन घोटाला: सीएम मोहन यादव का कड़ा एक्शन, CSP नेहा पच्चीसिया तत्काल निलंबित, दफ्तर सील
• 80 लाख की जमीन 18 लाख में ट्रांसफर कराने का आरोप : सीएसपी सहित तीन पर FIR
तीनबत्ती न्यूज: 21 अगस्त , 2026
भोपाल/कटनी: कटनी जिले में सामने आए चर्चित जमीन घोटाला मामले में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ा प्रशासनिक एक्शन लिया है। सीएम के निर्देश के बाद पुलिस मुख्यालय (PHQ) के आदेश पर नगर पुलिस अधीक्षक (CSP) नेहा पच्चीसिया को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है। इसके साथ ही कटनी स्थित सीएसपी कार्यालय को भी सील कर दिया गया है।
कार्यालय सील, केस डायरी व डिजिटल साक्ष्य सुरक्षित
एफआईआर (FIR क्र. 0738/2026) दर्ज होने के बाद पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देशों पर कटनी सीएसपी दफ्तर को सील करने की कार्रवाई की गई। इस कदम का मुख्य उद्देश्य कंहवारा जमीन सौदे से जुड़ी केस डायरी, सीएसपी दफ्तर के रिकॉर्ड्स और डिजिटल साक्ष्यों को पूरी तरह सुरक्षित रखना है, ताकि जांच प्रक्रिया प्रभावित न हो सके। निलंबन आदेश के साथ ही गृह विभाग ने विभागीय और एसआईटी (SIT) जांच की प्रक्रिया भी तेज कर दी है।
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82.86 लाख की जमीन मात्र 18.20 लाख में कराई ट्रांसफर
यह पूरी कार्रवाई हत्या के नामजद आरोपी रमेश लोधी पर दबाव बनाकर उसकी कंहवारा स्थित जमीन को कौड़ियों के दाम में हस्तांतरित कराने के आरोपों के तहत की गई है।
जमीन का गाइडलाइन मूल्य: ₹82.86 लाख
बेची गई कीमत: मात्र ₹18.20 लाख (मारूफ अहमद हनफी 'फ्रंटमैन' के नाम पर)
फंडिंग: जांच रिपोर्ट के अनुसार, इस जमीन सौदे में सीएसपी के करीबी क्षितिज राज बारापत्रे के खातों से फंडिंग की गई थी।
इनके खिलाफ गंभीर धाराओं में FIR दर्ज
कुठला थाने में आरोपी सीएसपी नेहा पच्चीसिया, क्षितिज राज बारापत्रे और मारूफ अहमद हनफी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 61, 198, 199(b), 308(7) और 318(4) के तहत गंभीर आपराधिक मामले दर्ज किए गए हैं।
सीएम डॉ. मोहन यादव ने ट्वीट कर दी चेतावनी
मुख्यमंत्री के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से इस संबंध में जानकारी साझा करते हुए सीएम डॉ. मोहन यादव ने स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही, दबाव या पद का दुरुपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने मुख्य सचिव और वरिष्ठ अधिकारियों को निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए हैं।







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