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सीएम डॉ.मोहन यादव 7 अक्टूबर को सागर में : वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में दो चीतों को करेंगे विमुक्त

सीएम डॉ.मोहन यादव 7 अक्टूबर को सागर में : वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में दो चीतों को करेंगे विमुक्त

तीनबत्ती न्यूज:  6 अक्टूबर 2026।

सागर : वन्य प्राणी संरक्षण सप्ताह के समापन अवसर पर सागर और बुंदेलखंड के लिए वन्यजीव संरक्षण का एक ऐतिहासिक अध्याय जुड़ने जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 7 अक्टूबर को वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में कूनो राष्ट्रीय उद्यान से लाए गए दो चीतों को विमुक्त करेंगे। इसके साथ ही वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व मध्यप्रदेश में चीतों का तीसरा आवास बन जाएगा।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 7 अक्टूबर को सागर जिले के प्रवास पर रहेंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार वे दोपहर 12 बजे भोपाल स्थित स्टेट हैंगर से हेलीकॉप्टर द्वारा रवाना होकर दोपहर 12:55 बजे रहली विधानसभा क्षेत्र के मोहली हेलीपैड पहुंचेंगे। यहां से दोपहर 1:20 बजे कार द्वारा वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व पहुंचेंगे। मुख्यमंत्री यहां चीतों को विमुक्त करने के साथ स्थानीय कार्यक्रम में शामिल होंगे। स्थानीय कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री दोपहर 2:45 बजे कार से मोहली हेलीपैड पहुंचेंगे और दोपहर 2:50 बजे हेलीकॉप्टर से भोपाल के लिए रवाना होंगे।

439 हेक्टेयर क्षेत्र में चीतों के लिए विशेष व्यवस्थाएं

कूनो राष्ट्रीय उद्यान और गांधीसागर वन्यजीव अभयारण्य के बाद वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व को मध्यप्रदेश में चीतों के तीसरे आवास के रूप में विकसित किया गया है। चीतों की सुरक्षा और अनुकूलन के लिए लगभग 439 हेक्टेयर क्षेत्र में विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। आधुनिक बाड़ों (बोमा) और अन्य सुविधाओं से युक्त सुरक्षित आवास तैयार किया गया है।

वन विभाग द्वारा चीतों की सुरक्षा, नियमित निगरानी और स्वास्थ्य देखभाल की समुचित व्यवस्था की गई है। साथ ही क्षेत्र में मौजूद अन्य वन्यजीवों के लिए भी सुरक्षित और अनुकूल पारिस्थितिकी तंत्र विकसित किया गया है।


सागर और बुंदेलखंड में बढ़ेगा वन्यजीव पर्यटन

चीतों की मौजूदगी से सागर और बुंदेलखंड में वन्यजीव पर्यटन को नई गति मिलने की उम्मीद है। देश के विभिन्न हिस्सों से पर्यटकों के पहुंचने से होटल, रिसॉर्ट, होम-स्टे, परिवहन, गाइड, वाहन चालक, छोटे व्यवसाय और हस्तशिल्प से जुड़े लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में भी पर्यटन आधारित आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।

प्रदेश का सबसे बड़ा टाइगर रिजर्व


वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व, जिसे नौरादेही टाइगर रिजर्व के नाम से भी जाना जाता है, सागर, दमोह और नरसिंहपुर जिलों में लगभग 2,339 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैला प्रदेश का सबसे बड़ा टाइगर रिजर्व है।


वर्ष 1997 में स्थापित इस क्षेत्र को नौरादेही वन्यजीव अभयारण्य के साथ एकीकृत करने के बाद 20 सितंबर 2023 को टाइगर रिजर्व का दर्जा दिया गया। यह क्षेत्र बाघ, तेंदुआ, चीतल, सांभर, नीलगाय और भालू सहित अनेक वन्यजीवों का प्राकृतिक आवास है। संकटग्रस्त भारतीय गिद्ध प्रजातियों के संरक्षण की दृष्टि से भी इसका विशेष महत्व है।


चीता पुनर्स्थापना अभियान को मिला नया विस्तार


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 17 सितंबर 2022 को कूनो राष्ट्रीय उद्यान में नामीबिया से लाए गए चीतों को विमुक्त कर भारत में चीता पुनर्स्थापना अभियान की शुरुआत की थी। इसके बाद दक्षिण अफ्रीका से भी चीते भारत लाए गए। अब इस अभियान का विस्तार मध्यप्रदेश के अन्य उपयुक्त वन क्षेत्रों तक किया जा रहा है।

वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में दो चीतों की विमुक्ति इसी व्यापक संरक्षण अभियान की महत्वपूर्ण कड़ी है।


देश में चीतों की संख्या बढ़कर 60


5 अक्टूबर 2026 को कूनो राष्ट्रीय उद्यान में भारत में जन्मी मादा चीता KJP21 ने पांच स्वस्थ शावकों को जन्म दिया। इसके साथ देश में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 60 हो गई है, जिनमें 41 भारत में जन्मे चीते शामिल हैं।

7 अक्टूबर को कूनो से नर चीता थोलो और मादा चीता CCB-3 को वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व लाया जाएगा। इनके स्थानांतरण के बाद कूनो में 54 चीते रहेंगे।

वर्तमान में गांधीसागर वन्यजीव अभयारण्य में दक्षिण अफ्रीकी मूल के नर चीते प्रभास और पावक तथा मादा चीते धीरा और सितंबर 2026 में बोत्सवाना से लाकर विमुक्त की गई मादा राधा मौजूद हैं।

दो चीतों की विमुक्ति के साथ वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व मध्यप्रदेश में चीता पुनर्स्थापना अभियान का नया केंद्र बनेगा। इससे न केवल वन्यजीव संरक्षण को मजबूती मिलेगी, बल्कि सागर और पूरे बुंदेलखंड में पर्यटन एवं स्थानीय रोजगार की संभावनाओं को भी नई दिशा मिलने की उम्मीद है।

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सागर के वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. प्रदीप पाण्डेय 'हरिश्वती' बने अंतरराष्ट्रीय सर्वधर्म परिषद के राष्ट्रीय सलाहकार

सागर के वरिष्ठ साहित्यकार डॉ. प्रदीप पाण्डेय 'हरिश्वती' बने अंतरराष्ट्रीय सर्वधर्म परिषद के राष्ट्रीय सलाहकार 


तीनबत्ती न्यूज: 6 अक्टूबर 2026

सागर। सागर के वरिष्ठ साहित्यकार एवं समाजसेवी डॉ. प्रदीप पाण्डेय 'हरिश्वती' को अंतरराष्ट्रीय सर्वधर्म परिषद (International Council of Religions) का राष्ट्रीय सलाहकार मनोनीत किया गया है। परिषद के शासी निकाय एवं केंद्रीय कार्यकारी बोर्ड द्वारा सर्वसम्मति से पारित प्रस्ताव के बाद केंद्रीय सचिवालय, नई दिल्ली से उनकी नियुक्ति का विधिवत आदेश जारी किया गया है।

परिषद द्वारा जारी आदेश में डॉ. पाण्डेय को समाज सेवा, लोक कल्याण, सांप्रदायिक सौहार्द और उनके दीर्घ अनुभव को देखते हुए यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपे जाने का उल्लेख किया गया है। नियुक्ति पदभार ग्रहण करने की तिथि से तीन वर्ष के लिए प्रभावी रहेगी।

शांति और सद्भाव अभियानों का करेंगे नेतृत्व

डॉ. पाण्डेय को संबंधित राज्यों के संभागों, मंडलों और जनपदों में परिषद की गतिविधियों, शांति अभियानों तथा संस्थागत कार्यक्रमों के नेतृत्व और पर्यवेक्षण के व्यापक कार्यकारी अधिकार दिए गए हैं। उनके मार्गदर्शन में राष्ट्र, प्रदेश और जिला स्तर पर सर्वधर्म शांति एवं सद्भाव समितियों के गठन के साथ सामाजिक सुरक्षा, नशामुक्ति, पर्यावरण संरक्षण, युवा एवं महिला सहभागिता तथा प्रशासनिक समन्वय से जुड़े विभिन्न मानवीय अभियानों को गति देने की योजना है।


साहित्यिक और सामाजिक क्षेत्र में हर्ष

डॉ. प्रदीप पाण्डेय की नियुक्ति पर सागर सहित देश-प्रदेश के साहित्यिक, सांस्कृतिक और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।

बधाई देने वालों में श्यामलम के अध्यक्ष उमाकांत मिश्र, श्रुतिमुद्रा की डॉ. कविता शुक्ला, साहित्य सरस्वती मंच के संयोजक राधाकृष्ण व्यास, मध्यप्रदेश हिंदी साहित्य सम्मेलन सागर से पुष्पेंद्र दुबे, डॉ. श्याम मनोहर सिरोठिया, देववाणी संस्था के अध्यक्ष पूरन सिंह राजपूत, हिंदी उर्दू साहित्यकार मंच के अध्यक्ष लक्ष्मी नारायण चौरसिया, तुलसी साहित्य संघ के अध्यक्ष अरुण दुबे, मध्यप्रदेश प्रगतिशील लेखक संघ के अध्यक्ष वृंदावन राय 'सरल', मध्यप्रदेश लेखक संघ के अध्यक्ष पी.आर. मलैया, बज्मे अजार से एम. शरीफ, मणिदेव ठाकुर, अमित आठ्या, कसक फाउंडेशन से सुरजीत सिंह, श्यामलम से आर.के. तिवारी, महबूब खान, शाहजाद, हेमंत दुबे लम्बरदार, एन. पुरुषोत्तम सेन, मनोज सोनी 'रहवर', सरस्वती वाचनालय एवं पुस्तकालय से जी.एल. छत्रसाल सहित शेखर आहूजा, राहुल पाठक, शोयेब कुरैशी, राजा ठाकुर, हर्षित जैन, राधिका साहू, निमित बलैया, सौम्या आहूजा, पंकज वर्मा, विशाल रजक, अमन पवार, गौरव सोनी और बिपिन पटेल शामिल हैं। नियुक्ति संबंधी जानकारी वरिष्ठ साहित्यकार अमित आठ्या ने दी।

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वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व सागर में 7 अक्टूबर को दो चीते छोड़ेंगे सीएम डॉ मोहन यादव

7 अक्टूबर को वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व सागर में दो चीतों की दस्तक: सीएम डॉ. मोहन यादव करेंगे रिलीज

• चीतों के आगमन से वन्यजीव पर्यटन को मिलेगी नई उड़ान : गोविंद सिंह राजपूत

तीनबत्ती न्यूज: 5 अक्टूबर 2026

सागर। वन्य प्राणी संरक्षण सप्ताह के समापन अवसर पर सागर और बुंदेलखंड के लिए एक ऐतिहासिक अवसर आने वाला है। 7 अक्टूबर को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में दो चीतों को रिलीज करेंगे। चीतों के आगमन से क्षेत्र में वन्यजीव संरक्षण के साथ पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

खाद्य मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में चीतों का आना सागर सहित पूरे बुंदेलखंड के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि चीतों की मौजूदगी से क्षेत्र की जैव विविधता को मजबूती मिलेगी और सागर को वन्यजीव पर्यटन के क्षेत्र में नई पहचान मिल सकती है।

439 हेक्टेयर क्षेत्र में चीतों के लिए विशेष व्यवस्था

मंत्री राजपूत ने बताया कि चीतों की सुरक्षा और अनुकूल वातावरण के लिए रिजर्व क्षेत्र में लगभग 439 हेक्टेयर क्षेत्र में विशेष व्यवस्थाएं और सुरक्षित स्थान विकसित किए गए हैं। वन विभाग द्वारा चीतों की सुरक्षा, निगरानी और स्वास्थ्य की नियमित व्यवस्था की जाएगी।

उन्होंने कहा कि यह केवल चीतों को बसाने की योजना नहीं है, बल्कि सागर और बुंदेलखंड में पर्यटन तथा स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति देने का अवसर भी है।


पर्यटन बढ़ा तो स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर

गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि चीतों को देखने के लिए देश के अलग-अलग हिस्सों से पर्यटकों के सागर आने की संभावना है। पर्यटकों की संख्या बढ़ने से होटल, रिसॉर्ट, होम-स्टे, परिवहन, स्थानीय गाइड, वाहन चालकों, छोटे व्यवसायों और हस्तशिल्प से जुड़े लोगों को रोजगार एवं आय के नए अवसर मिल सकते हैं।उन्होंने कहा कि इसके साथ ही आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में भी पर्यटन आधारित आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की संभावना है।

7 अक्टूबर को होंगे पुरस्कार वितरण सहित अन्य कार्यक्रम

वन्य प्राणी संरक्षण सप्ताह के समापन समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व पहुंचेंगे और दो चीतों को रिलीज करेंगे। इस अवसर पर वन्यजीव संरक्षण एवं संबंधित गतिविधियों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों को पुरस्कार भी प्रदान किए जाएंगे।



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कलेक्टर प्रतिभा पाल का बड़ा एक्शन: लापरवाही पर पेनल्टी : तहसीलदार, टीबी अधिकारी सहित कई अफसरों का वेतन रोकने के निर्देश •JSY योजना में लापरवाही: एकाउंट मैनेजर की सेवा समाप्ति के निर्देश

समय सीमा बैठक में कलेक्टर प्रतिभा पाल सख्त : लापरवाही पर वेतन रोकने और पेनल्टी के निर्देश

• जननी सुरक्षा योजना के भुगतान में देरी पर एकाउंट मैनेजर की सेवा समाप्ति की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश


तीनबत्ती न्यूज:05 अक्टूबर, 2026

सागर। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल की अध्यक्षता में सोमवार को समय सीमा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों के लंबित प्रकरणों, जनशिकायतों, स्वास्थ्य सेवाओं, भू-अर्जन एवं राजस्व मामलों की विस्तृत समीक्षा की गई। कार्य में लापरवाही और अनावश्यक रूप से प्रकरण लंबित रखने पर कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए।


कलेक्टर ने कहा कि जन विश्वास अभियान शुरू होने से पहले सभी लंबित शिकायतों का संतुष्टिपूर्ण निराकरण सुनिश्चित कर उन्हें बंद कराया जाए। बिना उचित कारण शिकायतें लंबित पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करते हुए पेनल्टी लगाने के निर्देश दिए गए। एमपीईबी, सामाजिक न्याय विभाग तथा योजना एवं सांख्यिकी विभाग से संबंधित लंबित शिकायतों पर भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

100 दिन से लंबित भू-अर्जन प्रकरणों पर सख्ती

बैठक में बंडा, खुरई, बीना सहित अन्य क्षेत्रों में 100 दिनों से अधिक समय से लंबित भू-अर्जन एवं पट्टे से संबंधित प्रकरणों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने इन मामलों का शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए।

बिना उचित कारण भू-अर्जन प्रकरण लंबित रखने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए। एडीएम को इन मामलों की समीक्षा करने को कहा गया। बंडा तहसीलदार द्वारा भू-अर्जन प्रकरणों में समय पर कार्रवाई नहीं करने पर आगामी आदेश तक वेतन रोकने और नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।

यह भी पढ़ें: सांसद रजनीश अग्रवाल ने डॉ. हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर में स्थायी कुलपति की नियुक्ति की मांग उठाई : केंद्रीय शिक्षा मंत्री को लिखा पत्र

बंडा नगरीय निकाय के कार्यों की जांच के लिए समिति गठित

बंडा नगरीय निकाय में हुए निर्माण कार्यों, नगरीय प्रशासन विभाग की विभिन्न योजनाओं के संचालन एवं क्रियान्वयन तथा हितग्राहियों को लाभ पहुंचाने से संबंधित मामलों की निष्पक्ष जांच के लिए जांच समिति गठित करने के निर्देश दिए गए। समिति को 15 दिनों के भीतर जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया।

टीबी उन्मूलन कार्यक्रम में लापरवाही पर वेतन रोकने के निर्देश

राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान कार्य में लापरवाही पाए जाने पर जिला टीबी अधिकारी डॉ. कुरैशी का आगामी आदेश तक वेतन रोकने के निर्देश दिए गए। इसी प्रकार संबंधित मामलों में खुरई और बीना बीएमओ का वेतन भी होल्ड रखने के निर्देश कलेक्टर ने दिए।

जननी सुरक्षा योजना के भुगतान में देरी पर होगी कार्रवाई

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत जननी सुरक्षा योजना (JSY) के भुगतान की समीक्षा में हितग्राहियों को राशि समय पर नहीं मिलने का मामला सामने आया। कलेक्टर ने भुगतान में देरी और लापरवाही पर संबंधित एकाउंट मैनेजर को कारण बताओ नोटिस जारी कर सेवा से पृथक करने की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए।

उन्होंने स्पष्ट किया कि जननी सुरक्षा योजना की राशि समय पर हितग्राहियों के बैंक खातों में पहुंचाना संबंधित खंड चिकित्सा अधिकारी की सीधी जिम्मेदारी है। भुगतान में अनावश्यक देरी पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।


50 दिन से अधिक लंबित शिकायतों पर जताई नाराजगी

बैठक में 50 दिनों से अधिक समय से लंबित शिकायतों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने शिकायतों का समय-सीमा में निराकरण नहीं करने वाले अधिकारियों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।

राजस्व एवं भू-अर्जन से संबंधित मामलों के निराकरण के लिए शिविर आयोजित कर नामांतरण, बंटवारा और खाता सुधार के कार्य पूर्ण कराने को कहा गया। सागर शहर के वेस्टर्न बायपास के लिए आवश्यक भूमि का कब्जा शीघ्र दिलाने की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित एसडीएम को दिए गए।

भूमि आवंटन और स्वामित्व योजना के कार्य समय पर करने के निर्देश

कलेक्टर ने सभी एसडीएम और तहसीलदारों को निर्देश दिए कि भूमि आवंटन के प्रकरण बिना वजह लंबित नहीं रखे जाएं। स्वामित्व योजना से संबंधित सभी कार्य एमपी ई-सेवा पोर्टल के माध्यम से निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने को कहा गया।


नामांतरण, कब्जा और बेदखली से संबंधित प्रकरणों में भी बिना विलंब कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। कब्जे से जुड़े मामलों में एसडीएम को स्वयं फील्ड पर जाकर राजस्व अमले से सत्यापन कराने को कहा गया।


कलेक्टर ने निर्देश दिए कि राजस्व अधिकारी स्वयं मौके पर जाकर पंचनामा तैयार करें तथा प्रभावित अथवा संबंधित पक्ष की उपस्थिति में ही सीमांकन की कार्रवाई पूरी की जाए।

बैठक में जिला पंचायत सीईओ  जगदीश गोमे, नगर निगम आयुक्त  राजकुमार खत्री, अपर कलेक्टर अविनाश रावत, सिटी मजिस्ट्रेट शैलेश द्विवेदी सहित जिले के सभी एसडीएम और विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।

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सांसद रजनीश अग्रवाल ने डॉ. हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर में स्थायी कुलपति की नियुक्ति की मांग उठाई : केंद्रीय शिक्षा मंत्री को लिखा पत्र

सांसद रजनीश अग्रवाल ने डॉ. हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर में स्थायी कुलपति की नियुक्ति की मांग उठाई : केंद्रीय शिक्षा मंत्री को लिखा पत्र


तीनबत्ती न्यूज: 05 अक्टूबर, 2026

सागर। राज्यसभा सांसद रजनीश अग्रवाल ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री श्री प्रह्लाद जोशी से पत्र भेजकर डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय, सागर में स्थायी कुलपति की नियुक्ति प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ कराने का आग्रह किया है। 

उल्लेखनीय है डॉ गौर केंद्रीय विवि सागर में पिछले एक साल से अधिक समय से स्थायी कुलपति की नियुक्ति नहीं हुई है। पिछले हफ्ते प्रो नागेश दुबे को प्रभारी कुलपति बनाया गया है। 

सांसद श्री अग्रवाल ने अपने पत्र में कहा कि विश्वविद्यालय में लंबे समय से स्थायी कुलपति का पद रिक्त होने के कारण विश्वविद्यालय की प्रशासनिक एवं अकादमिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं तथा भविष्य की दृष्टि से बनाई जाने वाली योजनाओं में भी शिथिलता आ रही है।

उन्होंने कहा कि डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय मध्य भारत एवं बुंदेलखंड क्षेत्र के उच्च शिक्षा जगत का एक प्रतिष्ठित केंद्रीय विश्वविद्यालय है। यह संस्थान क्षेत्र के हजारों विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा, शोध एवं नवाचार के अवसर प्रदान करने के साथ-साथ क्षेत्र के शैक्षणिक एवं सामाजिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।


राज्यसभा सांसद ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से आग्रह किया कि विश्वविद्यालय में कुलपति चयन की आवश्यक प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ कराने की कृपा की जाए, ताकि विश्वविद्यालय के प्रशासनिक एवं शैक्षणिक कार्य सुचारू रूप से संचालित हो सकें और विद्यार्थियों को इसका समुचित लाभ प्राप्त हो।

श्री अग्रवाल ने कहा कि विश्वविद्यालय जैसे महत्वपूर्ण उच्च शिक्षा संस्थान के दीर्घकालिक विकास, अकादमिक उत्कृष्टता और विद्यार्थियों के हित में स्थायी नेतृत्व का होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय इस विषय पर शीघ्र सकारात्मक पहल करेगा।

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योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना सेवा संकल्प और सेवा सेतु अभियान का उद्देश्य: सरोज भूपेन्द्र सिंह

योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना सेवा संकल्प और सेवा सेतु अभियान का उद्देश्य: सरोज भूपेन्द्र सिंह

• बांदरी और रजवांस में आंगन मिलन कार्यक्रम, सेवा सेतु एवं स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन


बांदरी/बरौदियाकलां। जिला पंचायत की पूर्व उपाध्यक्ष श्रीमती सरोज भूपेन्द्र सिंह ने कहा कि सेवा संकल्प और सेवा सेतु अभियान का मुख्य उद्देश्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना और उनकी समस्याओं का स्थानीय स्तर पर निराकरण करना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चल रहे अभियान के तहत क्षेत्र में लगातार विभिन्न सेवा गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं।

रविवार को अभियान के अंतर्गत बांदरी और रजवांस में आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम आयोजित हुए। बांदरी के आंगनवाड़ी केंद्र क्रमांक-2 और रजवांस के आंगनवाड़ी केंद्र क्रमांक-2 में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं को उनके सराहनीय कार्य के लिए प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। आंगनवाड़ी क्षेत्र में कुल 50 प्रशस्ति पत्र वितरित किए गए।

इस अवसर पर श्रीमती सरोज भूपेन्द्र सिंह ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं से कहा कि वे केंद्रों पर आने वाले बच्चों, माताओं तथा अन्य पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं की जानकारी दें और उन्हें लाभ दिलाने में सक्रिय सहयोग करें। उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी केंद्र ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में महिलाओं एवं बच्चों तक सरकारी योजनाओं की जानकारी पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।



सेवा सेतु शिविर में मौके पर लिए आवेदन

नगर परिषद बांदरी के बस स्टैंड प्रांगण और नगर परिषद बरौदियाकलां के हॉकर जोन टीनशेड में सेवा सेतु एवं स्वास्थ्य शिविर लगाए गए। विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी शिविरों में मौजूद रहे। नागरिकों को योजनाओं की जानकारी देने के साथ उनकी समस्याओं और मांगों से संबंधित आवेदन भी प्राप्त किए गए।



विशेष सेवा सेतु शिविर में पीएम स्वनिधि योजना के 10 तथा संबल योजना के 5 हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया। स्वास्थ्य शिविर में बीपी, शुगर सहित आवश्यक जांच की सुविधा उपलब्ध कराई गई तथा जरूरत के अनुसार दवाइयां भी वितरित की गईं।

श्रीमती सरोज भूपेन्द्र सिंह ने कहा कि शिविरों में संबंधित विभागों के अधिकारियों की मौजूदगी से नागरिकों को अपनी समस्याएं सीधे जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुंचाने का अवसर मिल रहा है। उन्होंने महिलाओं से अपील की कि वे अपने क्षेत्र में आयोजित होने वाले शिविरों में पहुंचकर पात्रता के अनुसार योजनाओं का लाभ लेने के लिए आवेदन करें।उन्होंने कहा कि क्षेत्र के विकास कार्य जनता के सामने हैं और आगे भी स्थानीय नागरिकों की आवश्यकताओं एवं समस्याओं के समाधान के लिए प्रयास जारी रहेंगे।

ये रहे उपस्थित

कार्यक्रम में सीएमओ संजय समुद्रे, श्रीमती संध्या जितेंद्र सिंह राजपूत, नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती सुधा विश्वनाथ सिंह, पूर्व मंडल अध्यक्ष श्रीमती लक्ष्मी, पूर्व मंडल अध्यक्ष श्रीमती शारदा, नगर पंचायत बरौदियाकलां अध्यक्ष मीना देवी कुशवाहा, पंडित आरसी दुबे, कल्पना चैबे, सरोज कुशवाहा, अनीता ताम्रकार, अनीता नामदेव, मंजू राय, अनिल पाराशर, मंडल अध्यक्ष विश्वनाथ सिंह, पूर्व मंडल अध्यक्ष पप्पू मुकद्दम, देशराज सिंह, सनत साहू, पार्षद सुरेंद्र सिंह, पार्षद दुर्गा सिंह, पार्षद समर सिंह, पार्षद मोहन अहिरवार, राजेंद्र सिंह ठाकुर, उमेश राय, रावराजा राजपूत, तुलसीराम यादव, नरेश जैन, संतोष कुशवाहा, अवधेश सिंह, जनक लोधी, लल्लूपाल जितेंद्र राजपूत, सचिन साहू, राजू चैहान, सुरेंद्र सिंह, मकसूद अली, कोमल यादव, रामसिंह ठाकुर, दयाराम चौरसिया, बलराम ठाकुर, रामकुमार बघेल, गोलू राय, मंडल अध्यक्ष मालथौन अरविंद लोधी, मनीष पटवा, रविंद्र ठाकुर, अजमेर लोधी एवं निरंजन सिंह ठाकुर सहित अन्य जनप्रतिनिधि, कार्यकर्ता तथा अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

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आईएमए सागर की नई कार्यकारिणी निर्विरोध गठित, डॉ. मोनिका जैन अध्यक्ष और डॉ. सौरभ जैन सचिव बने

आईएमए सागर की नई कार्यकारिणी का निर्विरोध गठन:  डॉ. मोनिका जैन अध्यक्ष और डॉ. सौरभ जैन सचिव बने


तीनबत्ती न्यूज : 4 अक्टूबर 2026

सागर। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) सागर शाखा की वर्ष 2026-27 के लिए नई कार्यकारिणी का गठन निर्विरोध रूप से संपन्न हुआ। चुनाव प्रक्रिया शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष तरीके से पूरी होने के बाद चुनाव समिति ने निर्वाचन परिणामों की औपचारिक घोषणा की।

चुनाव समिति में डॉ. एस.एम. सरोठिया, डॉ. नीना गिडियन एवं डॉ. आर.डी. ननोरिया शामिल रहे। सर्वसम्मति से वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. मोनिका जैन को आईएमए सागर का अध्यक्ष तथा वरिष्ठ दमा, टीबी, एलर्जी एवं छाती रोग विशेषज्ञ डॉ. सौरभ जैन को सचिव चुना गया।

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आईएमए सागर की नई कार्यकारिणी निर्विरोध गठित, डॉ. मोनिका जैन अध्यक्ष और डॉ. सौरभ जैन सचिव बने

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नई कार्यकारिणी में इन्हें मिली जिम्मेदारी

आईएमए सागर की नई कार्यकारिणी में विभिन्न पदों पर चिकित्सकों को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

अध्यक्ष: डॉ. मोनिका जैन

सचिव: डॉ. सौरभ जैन

उपाध्यक्ष: डॉ. अनूप साहू एवं डॉ. राजेश पटेल

संयुक्त सचिव: डॉ. शरद तिवारी एवं डॉ. अचला जैन

कोषाध्यक्ष: डॉ. के.के. शाक्य

क्लिनिकल सेक्रेटरी: डॉ. जान्हवी मुखारया, डॉ. राहुल मुखारया एवं डॉ. मधुर जैन

कार्यकारिणी सदस्य

डॉ. रामानुज गुप्ता, डॉ. अमिताभ जैन, संज्योत महेश्वरी, डॉ. रूपा अग्रवाल, डॉ. रोहित नामदेव एवं डॉ. ललित उपाध्याय को कार्यकारिणी सदस्य बनाया गया है।

सेंट्रल वर्किंग कमेटी

सेंट्रल वर्किंग कमेटी में डॉ. डी.के. पिपल, डॉ. एस.के. सिंह एवं डॉ. अंकित तिवारी शामिल हैं।

स्टेट एग्जीक्यूटिव कमेटी

स्टेट एग्जीक्यूटिव कमेटी में डॉ. रविकांत अर्जरिया, डॉ. संजीव मुखारया, डॉ. देवेश पटेरिया एवं डॉ. ईशान दुबे को जिम्मेदारी मिली है।

चिकित्सकों के हितों के साथ जनस्वास्थ्य पर रहेगा जोर

नवनिर्वाचित अध्यक्ष डॉ. मोनिका जैन एवं सचिव डॉ. सौरभ जैन ने कहा कि आईएमए सागर की गतिविधियों को आने वाले कार्यकाल में और अधिक प्रभावी एवं व्यापक बनाया जाएगा। चिकित्सकों के हितों की रक्षा के साथ-साथ जनस्वास्थ्य, स्वास्थ्य जागरूकता और समाजहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी।

उन्होंने कहा कि आईएमए की भूमिका केवल चिकित्सकों से जुड़े विषयों तक सीमित न रहकर समाज में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और आमजन को बेहतर स्वास्थ्य संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने में भी महत्वपूर्ण है। नई कार्यकारिणी चिकित्सक समुदाय को साथ लेकर संगठन की गतिविधियों को और मजबूत करने का प्रयास करेगी।



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सागर में थोक दवा विक्रेताओं का निरीक्षण, एबॉर्शन किट और ट्रेमाडोल समेत दवाओं के रिकॉर्ड तलब

सागर में थोक दवा विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों का निरीक्षण, अभिलेख तलब

• एबॉर्शन किट, ट्रेमाडोल, एनआरएक्स और एटिजोलम सहित एंटीबायोटिक दवाओं के क्रय-विक्रय रिकॉर्ड की होगी जांच


तीनबत्ती न्यूज: 4 अक्टूबर 2026

सागर। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल के निर्देशन में तथा नियंत्रक खाद्य एवं औषधि प्रशासन, भोपाल के निर्देश और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. देवेश पटेरिया एवं सिटी मजिस्ट्रेट शैलेश द्विवेदी के मार्गदर्शन में जिले में थोक औषधि विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया।निरीक्षण की कार्रवाई मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. देवेश पटेरिया तथा औषधि निरीक्षक सोनम जैन और मनीष सुमन की संयुक्त टीम ने की।

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बच्चन मेडिकल स्टोर से मांगे रिकॉर्ड

निरीक्षण के दौरान बच्चन मेडिकल स्टोर, सागर की जांच की गई। टीम ने प्रतिष्ठान में उपलब्ध दवाओं के क्रय-विक्रय से संबंधित अभिलेख एवं दस्तावेजों का परीक्षण किया। प्रतिष्ठान संचालक को एबॉर्शन किट, ट्रेमाडोल टैबलेट, अन्य एनआरएक्स श्रेणी की दवाओं तथा एटिजोलम के क्रय-विक्रय से संबंधित अभिलेख और रिपोर्ट कार्यालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।

आजाद मेडिकल स्टोर का भी निरीक्षण

इसी क्रम में आजाद मेडिकल स्टोर का भी निरीक्षण किया गया। यहां कुछ औषधियों, विशेष रूप से एंटीबायोटिक दवाओं के क्रय-विक्रय से संबंधित अभिलेख और रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। टीम ने दवाओं के क्रय-विक्रय तथा संबंधित रिकॉर्ड की उपलब्धता की भी जांच की।

अधिकारियों ने प्रतिष्ठान संचालक को बिना लाइसेंसधारी व्यक्ति अथवा डॉक्टर को दवाओं का विक्रय नहीं करने के निर्देश दिए।

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अभिलेखों की जांच के बाद होगी कार्रवाई

दोनों प्रतिष्ठानों को आवश्यक अभिलेख कार्यालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। संबंधित दस्तावेज प्राप्त होने के बाद उनका परीक्षण किया जाएगा। अभिलेखों की जांच में यदि किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो नियमानुसार आगामी कार्रवाई की जाएगी।


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