बुधवार, 27 अप्रैल 2022

SAGAR : मत्स्य विभाग के दो अधिकारियों को कमिश्नर ने निलंबित किया★ उपयंत्री और सहायक संचालक निलंबित रिश्वत मांगे जाने के मामले पर हुई तत्काल कार्रवाई

SAGAR : मत्स्य विभाग के दो अधिकारियों को कमिश्नर ने निलंबित किया

★ उपयंत्री और सहायक संचालक निलंबित रिश्वत मांगे जाने के मामले पर हुई तत्काल कार्रवाई

सागर। मालथौन विकासखंड के निवासी रहीस सिंह राजपूत के तालाब निर्माण प्रकरण में भुगतान की कार्यवाही में विलंब करने वाले मत्स्य विभाग के दो अधिकारियों को कलेक्टर सागर के  जाँच प्रतिवेदन के बाद सागर कमिश्नर मुकेश शुक्ला ने निलंबित कर दिया है। उल्लेखनीय है कि नगरीय विकास एवं आवास मंत्री भूपेंद्र सिंह ने मामला संज्ञान में आने के बाद आवेदक से बात करके तथ्यों की जानकारी लेकर मत्स्य विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्यवाही के निर्देश दिए थे।


कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट दीपक आर्य द्वारा अनुविभागीय अधिकारी मालथौन से प्रकरण में जाँच कराई गई। इस प्रकरण में कमिश्नर सागर को भेजे गये जांच प्रतिवेदन में कहा गया है कि मत्स्य विभाग के सहायक संचालक ए के दीक्षित तथा उपयंत्री ए के जैन ने आवेदक रहीस सिंह के प्रकरण में मूल्यांकन प्रक्रिया पूर्ण नहीं करके भुगतान में विलंब किया गया। जांच प्रतिवेदन में कहा गया कि मत्स्य विभाग के दोनों अधिकारियों को पदीय दायित्वों में उदासीनता एवं लापरवाही के कारण सिविल सेवा आचरण नियम 1965 एवं 1966 की धाराओं के तहत दोषी पाया जाकर निलंबित किया जाता है।निलंबन अवधि के दौरान सहायक संचालक एके दीक्षित का मुख्यालय पन्ना तथा उपयंत्री एके जैन का मुख्यालय टीकमगढ़ रहेगा।


उल्लेखनीय है कि गत दिनों सोशल मीडिया एवं समाचार पत्र में  प्रचारित खबर (जैन से कह दें कि 50,000 की रिश्वत में मान जायें ,दो लाख रू० बहुत होते है। ) के संबंध में कलेक्टर जिला सागर द्वारा त्वरित संज्ञान लेते हुये  अनुविभागीय अधिकारी मालथौन को उक्त संबंध में जांच कर वस्तुस्थिति का प्रतिवेदन प्रेषित करने हेतु  आदेश दिया गया था । जिसके पश्चात 25 अप्रैल 2022 को श्री रहीस सिंह राजपूत के तालाब का अनुविभागीय अधिकारी मालथौन द्वारा श्री ए०के० जैन उपयंत्री एवं श्री ए०के० दीक्षित सहायक संचालक मत्स्य विभाग की मौजूदगी में निरीक्षण किया गया। निरीक्षण उपरांत जाँच प्रतिवेदन में प्रतिवेदित किया गया  कि लाभार्थी द्वारा तालाब निर्माण  4 अक्टूबर 2021 को ही पूर्ण करा लिया गया था, जिसके उपरांत उसने सहायक संचालक मत्स्योद्योग श्री ए०के० दीक्षित को भुगतान हेतु पत्र लिखा। परन्तु श्री दीक्षित के द्वारा कार्यवाही में विलम्ब करते हुये उपयंत्री श्री ए0के0 जैन को निर्देशित नहीं किया गया।
इन बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए एवं कलेक्टर के प्रस्ताव तथा अनुविभागीय अधिकारी राजस्व मालथौन के प्रतिवेदन के परीक्षण उपरांत श्री ए०के० दीक्षित सहायक संचालक मत्स्य द्वारा अपने पदीय दायित्वों के प्रति बरती गई उदासीनता एवं लापरवाही के कारण सिविल सेवा आचरण नियम एवं म०प्र० सिविल सेवा (वर्गीकरण नियंत्रण एवं अपील) नियम के अन्तर्गत श्री जैन और श्री ए०के० दीक्षित सहायक संचालक को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।

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